छछरौली। खैर तस्करी का एक नया तरीका सामने आया है। तस्कर जंगल से खैर की लकड़ी काटकर उसे घास में छिपाकर मोटरसाइकिल पर ले जा रहे थे, ताकि चेकिंग के दौरान शक न हो।
मामले में वन विभाग की शिकायत पर चार आरोपियों के खिलाफ वन्य जीव संरक्षण अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। वन राजिक अधिकारी मोबीन खान व वनरक्षक संदीप ने बताया कि वन विभाग के अनुसार सूचना मिली कि डारपुर क्षेत्र से कुछ लोग खैर की लकड़ी काटकर बाइक पर ले जाने वाले हैं।
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सूचना पर वन विभाग की टीम ने गांव के रास्ते पर नाका लगाया। जंगल की ओर से आ रही एक मोटरसाइकिल को रुकने का इशारा किया गया। चालक बाइक छोड़कर खेतों की ओर भाग निकला, जिसकी पहचान बाद में डारपुर निवासी आलिम के रूप में हुई। मोटरसाइकिल की तलाशी लेने पर घास के अंदर छिपाकर रखे खैर की लकड़ी के तीन टुकड़े बरामद हुए।
अगले दिन जंगल की छानबीन में जंगल में ताजा कटान के निशान मिले और छह अन्य टुकड़े बरामद किए गए। जांच में सामने आया कि यह लकड़ी संरक्षित क्षेत्र से काटी गई। जांच में पाया गया कि वारदात डारपुर गांव निवासी आलिम, तालीम, अकबर और दिलशाद निवासी गांव डारपुर ने मिलकर की। चारों के खिलाफ वन्य जीव संरक्षण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है।