अगर कोई किसान धान की फसल के अवशेषों में आग लगाने का दोषी पाया गया तो उसे किसी भी अनुदान योजना का लाभ नहीं दिया जाएगा। जानकारी देते हुए एसडीएम डॉ. विनेश कुमार ने कहा कि धान की फसल अवशेषों में आग न लगाने हेतु जागरूकता अभियान चलाये जा रहे हैं। उन्होंने किसानों का आह्वान किया कि किसान अपने फसल अवशेषों को आग लगाने की बजाय इन केन्द्रों के माध्यम से कृषि यंत्र किराये पर लेकर अवशेषों का उचित प्रबंधन कर लें। वे अपने कार्यालय में अधिकारियों की बैठक ले रहे थे।
डॉ. विनेश कुमार ने बताया कि किसानों को अपने फसल अवशेषों का उचित प्रबंध करने के लिए फसल अवशेष प्रबंधन कृषि यंत्र अनुदान पर उपलब्ध करवाये जा रहे हैं। फसल अवशेषों को आग लगाने से न केवल वातावरण ही प्रदूषित होता है। बल्कि भूमि की उपजाऊ शक्ति भी क्षीण होती है। इस मौके पर साढौरा के नायब तहसीलदार भारत भूषण, प्रताप नगर के नायब त सीलदार तुलसीदास, सढौरा थाना प्रभारी बलबीर सिंह, बीडीपीओ जोगेश कुमार, बीडीपीओ बलवान, कानूनगो आलमगीर, मार्के ट कमेटी के सचिव संतलाल, कृषि विभाग के डीडीए सुरेंद्र यादव मौजूद रहे।