यमुनानगर। मानसून के पहले प्री-मानसून ने दस्तक दे दी है। जिलेभर में बुधवार रात से गुरुवार सुबह आठ बजे तक रुक-रुककर हुई करीब 40 एमएम बरसात से ट्विनसिटी के निचले इलाकों समेत कस्बों में जलभराव की स्थिति बनी। दिनभर मौसम के खुशगवार रहने से गर्मी से राहत महसूस की गई वहीं, सड़कों व बाजारों में जमा बरसाती पानी व कीचड़ राहगीरों व वाहन चालकों समेत दुकानदारों की परेशानी का सबब बने। उधर, बरसात से पहले अंधड़ से गिरे बिजली के खंभों व पेड़ों के कारण कई जगह रातभर ब्लैकआउट रहा।
मौसम विभाग की मानें तो जल्द ही मानसून का आगाज होने को है वहीं, इससे पहले ही प्री-मानसून की बरसात ने दस्तक दे डाली है। जिले में बुधवार शाम से आसमान में बादलों के छाने पर बारिश की आशंका बनी रही। इसके बाद देर रात करीब ग्यारह बजे के बाद तेज आंधी आई। रात से शुरू हुई बरसात सुबह करीब सात बजे तक रुक-रुककर होती रही। सुबह आठ बजे तक जिले में औसत 40 एमएम (मिलीमीटर) बरसात दर्ज की गई, जिसमें सबसे अधिक छछरौली में 74 एमएम व सबसे कम मुस्तफाबाद में 17 एमएक रिकॉर्ड की गई।
बरसात के बाद ट्विनसिटी (यमुनानगर-जगाधरी) के निचले इलाकों में शामिल कैंप, आजादनगर, लाजपतनगर में बरसाती पानी भर गया। इसके अलावा जिले के छछरौली, बिलासपुर, रादौर, साढौरा व आसपास के क्षेत्र में भी कई जगह जलभराव की स्थिति रही। इसके चलते गुरुवार सुबह कामकाज के लिए निकलते वक्त लोगों को दिक्कतों से दो-चार होना पड़ा। सड़कों से गलियों तक में बरसाती पानी व जमा कीचड़ से राहगीरों व वाहन चालकों के साथ दुकानदारों को भी खासी परेशानी हुई। कई स्थानों पर सुबह से दोपहर तक दुकानदार अपनी-अपनी दुकानों के आगे से बरसाती पानी व कीचड़ हटाने में जुटे रहे।