नई एएलएस एंबुलेंस को हरी झंड़ी देकर रवाना करते विभाग के अधिकारी। विभाग
- फोटो : Videograb
यमुनानगर। जिले के स्वास्थ्य विभाग को करीब दो दशक बाद नई एडवांस्ड लाइफ सपोर्ट एंबुलेंस मिली है। वर्ष 2006 के बाद पहली बार विभाग के बेड़े में नई एएलएस एंबुलेंस शामिल हुई है। बुधवार को सिविल सर्जन डॉ. जितेंद्र सिंह और डिप्टी सिविल सर्जन डॉ सुशीला सैनी ने एंबुलेंस की चाबी चालक को सौंपी। इसके बाद सिविल सर्जन ने हरी झंडी दिखाकर एंबुलेंस को रवाना किया।
सिविल सर्जन डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि नई एएलएस एंबुलेंस के आने से गंभीर मरीजों को समय पर बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी। उन्होंने बताया कि एंबुलेंस में आधुनिक जीवनरक्षक उपकरण उपलब्ध हैं, जिनकी सहायता से अस्पताल ले जाते समय भी मरीज को आवश्यक उपचार दिया जा सकेगा। स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार नई एंबुलेंस सड़क दुर्घटना, हृदयाघात, गंभीर चोट और अन्य आपातकालीन परिस्थितियों में मरीजों के लिए काफी उपयोगी साबित होगी। इससे मरीजों को गोल्डन ऑवर में उपचार उपलब्ध कराने में सहायता मिलेगी। गौरतलब है कि जिले में स्वास्थ्य विभाग के बेड़े में शामिल अधिकतर एंबुलेंस काफी पुरानी हो चुकी हैं। विभाग के पास मौजूद करीब 13 एंबुलेंस जर्जर हालत में हैं, जिस कारण कई बार आपातकालीन सेवाओं के संचालन में परेशानी आती रही है। लंबे समय से नई एंबुलेंस की मांग की जा रही थी। कुछ समय पहले विभाग को चार एंबुलेंस मिली थीं, लेकिन वे नई नहीं थीं। उन्हें राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र एनसीआर से हटाकर यमुनानगर भेजा गया था। ऐसे में नई एएलएस एंबुलेंस मिलने से स्वास्थ्य विभाग को बड़ी राहत मिली है। स्वास्थ्य अधिकारियों ने बताया कि आने वाले समय में जिले को और नई एंबुलेंस मिलने की उम्मीद है। इससे जिले की आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाएं और अधिक मजबूत होंगी व मरीजों को बेहतर सुविधा मिल सकेगी। संवाद