संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। कनाडा व माल्टा का वीजा लगवाने का झांसा देकर सात लोगों ने एक युवक से करीब करीब छह लाख रुपये ठग लिए। रुपये वापस नहीं करने पर युवक ने थाना शहर यमुनानगर पुलिस को शिकायत दी। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
कैंप के वीनानगर निवासी राघव हांडा ने शिकायत में बताया कि उसने 10वीं के बाद अंबाला के पॉलिटेक्निक कॉलेज से ऑटोमोबाइल इंजीनियरिंग में डिप्लोमा किया है। नौकरी की तलाश के दौरान उसकी मुलाकात हरबंसपुरा निवासी कनिका शर्मा से हुई, जो रामपुरा कॉलोनी में शशी इमीग्रेशन नाम से दफ्तर चलाती थी। यहां उसकी मुलाकात गोबिंदपुरा निवासी सलेश त्यागी से भी हुई।
दोनों ने कनाडा भेजने का भरोसा दिलाते हुए 14 लाख रुपये खर्च बताया। राघव के अनुसार 26 जनवरी 2025 को उसने कनिका को दो लाख रुपये नकद दिए और पासपोर्ट सहित शैक्षणिक व अन्य दस्तावेज सौंप दिए। इसके बाद अलग-अलग किश्तों में ऑनलाइन व नकद रुपये लिए जाते रहे। फरवरी में कनिका ने खुद को कनाडा पहुंचा बताया और फाइल प्रोसेसिंग का हवाला देकर पांच लाख रुपये और मांगे।
15 फरवरी को राघव ने मां के जेवर गिरवी रखकर चार लाख रुपये कनिका की मां अनुराधा, शालिनी और शुभम को दफ्तर में दिए। मार्च में आरोपितों ने वीजा रिजेक्ट होने की बात कहकर माल्टा का स्टडी वीजा लगवाने का झांसा दिया और 12 लाख का खर्च बताया।
फंड दिखाने के नाम पर उसे शामनगर स्थित एक एजुकेशन कंसल्टेंसी के संचालक विनोद चौहान से मिलवाया गया।
राघव का आरोप है कि फंड व्यवस्था के नाम पर उससे और रकम ली गई तथा बैंक कागजात पर हस्ताक्षर भी कराए गए। इसके बाद पटियाला की कंसल्टेंसी से वीजा अप्लाई करने का भरोसा दिलाया गया, लेकिन लगातार पैसे लेने के बावजूद न तो वीजा लगा और न ही रुपये लौटाए गए। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।