लघु सचिवालय में बुधवार को वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु की अध्यक्षता में जिला लोक संपर्क व कष्ट निवारण समिति की बैठक हुई। इसमें रखे 15 परिवादों में से आठ का निपटारा कर दिया गया।
शेष सात परिवादों को दोबारा से जांच के आदेश देकर पेंडिंग रखा गया। जबकि निपटाए गए परिवादों पर भी अगली मीटिंग में कार्रवाई रिपोर्ट पेश करने के आदेश दिए गए।
समिति की बैठक से पहले बुधवार सुबह वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु ने लघु सचिवालय परिसर में गार्द की सलामी ली। इसके बाद उन्होंने सचिवालय में कमरा नंबर-203 में बैठक की अध्यक्षता कर परिवादों की सुनवाई की।
इस दौरान यमुनानगर विधायक घनश्याम दास अरोड़ा, साढौरा विधायक बलवंत सिंह, डीसी डॉ. एसएस फुलिया, एसपी अरुण सिंह, जगाधरी के एसडीएम प्रेमचंद, बिलासपुर एसडीएम गिरीश कुमार, गैर सरकारी सदस्य दाता राम, रोजी मलिक, राकेश त्यागी, रामेश्वर चौहान, प्रदीप अग्रवाल, नगर निगम के डिप्टी मेयर पवन बिट्टू, पार्षद संगीता सिंगल सहित प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। बैठक में कुल 15 परिवाद रखे गए।
फरियादियों ने कैप्टन अभिमन्यु के आगे उनकी समस्याओं पर संबंधित अधिकारियों द्वारा ढिलाई बरतने का दुखड़ा सुनाया। कई मामलों में फरियादी कार्रवाई के लिए गिड़गिड़ाते दिखे। इस पर वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु ने संबंधित अधिकारियों को फटकार लगाई।
उन्होंने कहा कि जनता के कार्यों में किसी प्रकार की कोताही व टालमटोल सहन नहीं की जाएगी। उन्होंने कष्ट निवारण समिति के गैर सरकारी सदस्यों को भी लोगों की समस्याओं को गहराई से समझने व प्रशासन के सामने प्रस्तुत करने का आह्वान किया। बैठक में रखे गए कुल 15 परिवादों में से आठ का निपटारा कर दिया गया, जबकि जांच के आदेश देकर शेष सात परिवाद पेंडिंग रखे गए।
चार साल बाद क्राइम ब्रांच को सौंपी अपहरण व हत्या मामले की जांच
बैठक में परिवाद नंबर-दो में जगाधरी की रूपनगर कॉलोनी की विद्या देवी ने कैप्टन अभिमन्यु से कहा कि उसके पति की मौत के मामले में पुलिस आरोपियों पर कार्रवाई नहीं कर रही।
उसके पति बीर सिंह 11 जुलाई, 2011 को घर से फैक्ट्री के लिए निकले थे मगर अभी तक उनका कुछ पता नहीं चल पाया है। उसने धर्मवीर व कर्मबीर पर साजिश के तहत उनकी जायदाद को हड़पने की नीयत से बीर सिंह का अपहरण कर हत्या कर शव को कोयले की भट्ठी में जला देने का आरोप लगाया।
इस संबंध में पुलिस को शिकायत दी थी, किंतु कार्रवाई नहीं हुई। एसपी डॉ. अरुण नेहरा ने बताया कि यह मामला लगभग चार साल से चल रहा है।
इसमें जांच अधिकारी एएसआई रामफल को बर्खास्त कर दिया गया है। कैप्टन अभिमन्यु ने जांच का जिम्मा क्राइम ब्रांच को सौंपने के निर्देश दिए और इसकी शिकायत सीएम विंडो पर डालने को कहा।
कैप्टन सर, रिटायरमेंट पेंशन व एसीपी दिलाएं
परिवाद नंबर-13 में ससौली रोड पर तिलक नगर निवासी विजय कुमार ने कहा कि वह उत्तरी हरियाणा बिजली वितरण निगम यमुनानगर से ड्राइवर के पद से सेवानिवृत्त है, लेकिन अभी तक उसे रिटायरमेंट पेंशन नहीं मिल पाई। साथ ही उसका 20 साल का एसीपी भी नहीं मिला। वित्त मंत्री ने कहा कि गलत ढंग से रिकवरी की गई है। भविष्य में ऐसे मामलों में कम से कम एक साल में रिकवरी की जाए।
अफसरों की लापरवाही बताई
परिवाद नंबर-4 में भेड़थल के अनिल कुमार ने अरुण राव के खिलाफ शिकायत दी कि एचडीएफसी बैंक का होम लेने की जगह रिलायंस लाइफ इश्योरेंस करने व जान से मारने की धमकी दी गई। कैप्टन ने संबंधित अधिकारियों को मामले की दोबारा जांच करने के निर्देश दिए।
परिवाद नंबर-6 में बिलासपुर की गुलशन कॉलोनी के गली नंबर-1 निवासी नोबत राय ने गंदे पानी की निकासी की शिकायत दी। इसमें कहा गया कि संबंधित विभाग के अधिकारी मामले में शिकायत देने पर भी कार्रवाई नहीं कर रहे हैं। इस पर कैप्टन ने संबंधित अधिकारी को समस्या का शीघ्र समाधान करने के निर्देश दिए।
परिवाद नंबर-10 में पंचायती जमीन से कब्जा हटाने के बारे में वित्त मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि कब्जा करने वाले लोगों को नोटिस देकर एक माह में कब्जा हटवाएं।
परिवाद नंबर-12 में वार्ड-14 के पटेल नगर निवासी अतुल कुमार ने कहा कि उसने जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक कार्यालय में डिपो लेने के बारे में आवेदन किया था, लेकिन इसके लिए अधिकारियों ने उससे रिश्वत मांगी। वित्त मंत्री ने पुलिस विभाग को निर्देश दिए कि मामले की गहनता से जांच करें।