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Yamuna Nagar News: जिला अस्पताल में नहीं हो रहा दांतों का एक्सरे

Fri, 28 Aug 2026 01:16 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
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 जिला नागरिक अस्पताल में डेंटिस्ट के केबिन। संवाद
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संवाद न्यूज एजेंसी
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यमुनानगर। मुकंद लाल जिला नागरिक अस्पताल में तीन डेंटिस्ट होने के बावजूद मरीजों को दांतों के एक्सरे की सुविधा नहीं मिल रही है। अस्पताल में यह सुविधा काफी समय से बंद पड़ी है। दांतों की जांच और इलाज के लिए अस्पताल पहुंचने वाले मरीजों को एक्सरे करवाने के लिए निजी केंद्रों का रुख करना पड़ रहा है। इससे मरीजों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है।
दांतों की कई बीमारियों और समस्याओं का सही पता लगाने के लिए एक्सरे जरूरी होता है। एक्सरे से यह भी पता लगाया जा सकता है कि दांत की जड़ कितनी गहराई तक है और उसके आसपास किस तरह की समस्या है। खासकर दांत निकालने से पहले कई मामलों में एक्सरे करवाना जरूरी होता है। इससे डॉक्टर को दांत की जड़ की गहराई और उसकी स्थिति का पता चल जाता है।
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इसके आधार पर दांत निकालने की प्रक्रिया तय की जाती है। एक्सरे के बिना उपचार करने में कई बार परेशानी आ सकती है। चांदपुर निवासी सचिन ने बताया कि उसके दांत में दर्द था। वह जिला अस्पताल में गया तो दंत चिकित्सक ने एक्सरे लिख दिया। अस्पताल में एक्सरे कराने गया तो वहां से कहा गया कि यह एक्सरे तो बाहर से ही करवाना पड़ेगा। इसी तरह विनोद ने बताया कि डॉक्टर ने दांत का एक्सरे करवाना था, लेकिन मजबूरन बाजार में प्राइवेट सेंटर से करवाना पड़ा।
निजी केंद्रों में खर्च हो रहे 500 रुपये
अस्पताल में सुविधा बंद होने के कारण मरीजों को निजी एक्सरे केंद्रों पर जाना पड़ रहा है। वहां दांतों का एक्सरे करवाने के लिए करीब 500 रुपये तक खर्च करने पड़ रहे हैं। कुछ मामलों में मरीजों से इससे अधिक राशि भी ली जा रही है। आर्थिक रूप से कमजोर मरीजों के लिए यह खर्च परेशानी का कारण बन रहा है। मरीजों का कहना है कि वे सरकारी अस्पताल में कम खर्च में इलाज की उम्मीद लेकर पहुंचते हैं, लेकिन अस्पताल में एक्सरे की सुविधा नहीं मिलने के कारण उन्हें निजी केंद्रों का सहारा लेना पड़ता है। पहले अस्पताल में डॉक्टर से जांच कराने के बाद एक्सरे के लिए बाहर जाना पड़ता है और रिपोर्ट लेकर दोबारा अस्पताल आना पड़ता है। इससे मरीजों का समय और पैसा दोनों खर्च हो रहे हैं।
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वैसे तो जिला अस्पताल में अन्य बीमारियों का पता लगाने के लिए एक्सरे की सुविधा है। लेकिन कई बार दांतों की माइनर दिक्कत जानने के लिए भी एक्सरे कराना होता है। इसलिए मरीज को बाहर से एक्सरे कराना पड़ता है। दांत संबंधित सभी एक्सरे हो सके इसके लिए मुख्यालय को लिखा जाएगा। - डॉ. जितेंद्र सिंह, सिविल सर्जन।
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