संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। जिले में शनिवार सुबह से ही घना कोहरा छाया रहा, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ। हालात ऐसे रहे कि कई इलाकों में गली के दूसरी तरफ बने घर भी साफ नजर नहीं आ रहे थे। कोहरे के कारण दृश्यता लगभग शून्य तक पहुंच गई। न्यूनतम तापमान सात डिग्री व अधिकतम 18 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जिससे लोगों की मुश्किलें और बढ़ा दीं।
कोहरे में नमी की मात्रा इतनी ज्यादा थी वाहनों के शीशों पर बार-बार ओस गिरती रही, इससे लोगों को सफर करना मुश्किल हो गया। वहीं दोपहिया वाहन चालकों को भी ओस के बीच हेलमेट पहन कर सफर करने में परेशानी हुई। क्योंकि हेलमेट के शीशे से आगे कुछ नहीं दिख रहा था।
इतना ही नहीं नमी से लोगों के कपड़े तक खराब हो गए। पेड़ों से सुबह के समय ओस की बूंदे टपकती रही। सुबह के समय घने कोहरे और ठंडी हवाओं के चलते सड़कों पर वाहन रेंगते नजर आए। राष्ट्रीय व राज्य राजमार्गों के अलावा शहर के अंदरूनी रास्तों पर भी वाहन चालकों को काफी सतर्कता बरतनी पड़ी।
सरसों की फसल पर नजर रखें किसान : डॉ. अजीत
कृषि विज्ञान केंद्र दामला के मौसम विशेषज्ञ डॉ. अजीत कुमार ने बताया कि घने कोहरे की वजह से दृश्यता शून्य रही। नमी की मात्रा बढ़ने पर अधिक नमी वाली वायु ठंडी सतह यानि जमीन के संपर्क में आती है तो आसपास का तापमान नीचे चला जाता है। हवा में मौजूद नमी पानी की बूंदों की में बदल जाती है। यदि बूंदे अधिक हो तो यह धुंध का रूप ले लेती हैं। उन्होंने किसानों को सलाह दी है कि वह अपनी सरसों की फसल में निगरानी रखें। वहीं फसलों में यदि बीमारी का लक्षण दिखता है तो तुरंत कृषि विभाग के अधिकारियों से संपर्क करें। आने वाले दिनों में भी सुबह के समय कोहरा छाए रहने की संभावना है।