यमुनानगर। जिले के गांव नाहरपुर के एक युवक से विदेश भेजने के नाम पर 3.50 लाख रुपये हड़प लिए। पीड़ित ने आरोप लगाया है कि नारायणगढ़ के तीन युवकों ने उसे पहले पोलैंड और फिर सिंगापुर वर्क वीजा दिलाने का झांसा दिया लेकिन मलेशिया में बेसहारा छोड़कर चले गए। पुलिस ने शिकायत के आधार पर तीनों आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पीड़ित नाहरपुर गांव निवासी महफूज ने जठलाना पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह दसवीं पास है और बिजली का काम करता है। वह विदेश जाकर बेहतर रोजगार पाना चाहता था। वर्ष 2024 में उसकी मुलाकात नारायणगढ़ निवासी सगे भाइयों सागर और हर्ष तथा उनके दोस्त आकाश से हुई। तीनों ने अपने ग्लोबल पास नामक दफ्तर में उसे पोलैंड भेजने का भरोसा दिलाया। उनकी बातों में आकर उसने अपने दस्तावेज सौंप दिए और 19 मार्च 2024 को एक लाख रुपये नकद दे दिए। आरोपियों ने अक्तूबर 2024 में उसे पोलैंड का ऑफर लेटर दिया लेकिन बाद में काम न बनने की बात कहकर सिंगापुर भेजने का झांसा दिया और 20 फरवरी 2025 को उससे दो लाख रुपये और ले लिए।
26 फरवरी को उसे चंडीगढ़, जयपुर और हैदराबाद होते हुए सिंगापुर भेज दिया गया। वहां पहुंचने के बाद भी आरोपियों ने उससे 50 हजार रुपये और ऑनलाइन ले लिए। पीड़ित का आरोप है कि 17 मार्च को उसे सिंगापुर से मलेशिया भेज दिया गया और इसके बाद आरोपियों ने फोन उठाना बंद कर दिया। मलेशिया में उसे कोई सहारा नहीं मिला और वहां की पुलिस ने उसे भारत लौटने की सलाह दी। 30 मार्च 2025 को वह भारत लौट आया। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है।
आरोपियों ने पीड़ित को दिए तीन चेक, सभी हो गए बाउंस
पीड़ित ने बताया कि भारत लौटने के बाद उसने आरोपियों से अपनी रकम वापस मांगी। आरोपियों ने भरोसा दिलाते हुए तीन चेक दिए लेकिन बैंक में लगाने पर तीनों चेक बाउंस हो गए, इसके बाद भी आरोपी बार-बार रुपये लौटाने का आश्वासन देते रहे और समझौते की बात करते रहे लेकिन लंबा समय बीतने के बावजूद भी उसकी रकम वापस नहीं मिली।