हरियाणा के यमुनानगर के बिलासपुर में बंटवारे के बावजूद आने जाने के लिए छोड़ी चार फीट की गली में हिस्सा मांगने और रास्ते में एसी के लिए खिड़की लगाने से परेशान होकर ताहरपुर खुर्द निवासी कुलबीर सिंह ने जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या कर ली। अचेत अवस्था में वह मछरौली के श्मशान घाट के पास पड़ा मिला। मृतक के पास से दो पेज का सुसाइड नोट भी बरामद किया गया है। जिसमें उसने अपने चाचा, चाची व उनके लड़के पर आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप लगाया है। पुलिस ने मृतक के मामा की शिकायत पर तीनों आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी।
गांव पंजेटों निवासी गुरनाम सिंह ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उसकी बहन सुखविंद्र कौर की शादी गांव ताहरपुर खुर्द निवासी बलदेव सिंह के साथ हुई थी, बलदेव की 2012 में मौत हो गई थी। उसकी बहन के पास इकलौता लड़का कुलबीर था जो शादीशुदा था। गुरनाम ने बताया कि कुछ साल पहले उसके बहनोई बलदेव व उनके भाइयों का बंटवारा हुआ था।
बंटवारे में उसके बहनोई बलदेव सिंह व एक भाई बलजीत सिंह के पास पीछे वाला हिस्सा मिला था। जबकि बलदेव सिंह के छोटे भाई साहब सिंह व उसके परिवार के हिस्से में गली का फ्रंट का हिस्सा आया था। बुजुर्ग ने बलदेव व बलजीत के घर जाने के लिए चार फीट का रास्ता छोड़ा हुआ था।
आरोप है कि रास्ते की ओर से एसी की खिड़की लगाने को लेकर साहब सिंह, उसकी पत्नी सुदेश रानी व बेटा सौरभ अक्सर कुलबीर व सुखविंद्र देवी के साथ झगड़ा करते थे। जिसको लेकर कुलबीर सिंह ने दो माह पहले बिलासपुर कोर्ट में केस दायर किया था। 27 दिसंबर को कुलबीर किसी काम से बाहर गया था।
इसी दौरान आरोपी साहब सिंह व सौरभ ने जबरदस्ती रास्ता की साइड वाली दीवार तोड़कर एसी की खिड़की लगा ली। इस बारे में उसकी बहन सुखविंद्र देवी ने डायल 112 को सूचना दी। जिसके बाद पुलिस आई और मामला शांत करा दिया। यह खिड़की लगने के बाद से ही कुलबीर सिंह परेशान था।
इसी परेशानी में उसने 29 दिसंबर को उसने अपने चचेरे भाई मनदीप को वीडियो काॅल की और कहा कि वह अपने चाचा साहब सिंह, उसकी पत्नी सुदेश, उसके बेटे सौरभ और उसके साले चाहड़ो निवासी रमेश की वजह से परेशान है। जिसके चलते उसने जहर खा लिया है। यह पता लगते ही परिवार के लोग उसे तलाशने निकल पड़े। इस दौरान गांव मछरौली के पास श्मशान घाट में वह बेहोशी की हालत में मिला। उसे तुरंत निजी अस्पताल में लेकर गए। जहां पर इलाज के दौरान कुलबीर सिंह की मौत हो गई।
सुसाइड नोट में मांगा इंसाफ
मैं कुलबीर सिंह उर्फ काला गांव ताहरपुर खुर्द मेरी मौत का जिम्मेवार सौरभ उर्फ छोटू पुत्र साहब सिंह, साहब सिंह और उसकी घरवाली सुदेश और रमेश चाहड़ो ये उन्हें धमकी देते रहते हैं और परिवार में फूट डाल रखी है। कभी खिड़की और दरवाजा लगाने की धमकी देते है। अब मेरे पीछे से सौरभ और साहब सिंह ने मेरे परिवार पर हमला किया। जबरन खिड़की लगाई। पुलिस के मना करने पर नहीं रुके। बंद करने के लिए बोलते है तो एक नेता की धमकी देते है। इन पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। ऐसा न हो कि पुलिस पैसे खा के छोड़ दे। एसपी साहब से विनती है कि मेरे परिवार को पूरा इंसाफ मिलना चाहिए। इंसाफ से बढ़कर कोई चीज नहीं है। मेरे को एसपी साहब पर पूरा विश्वास है कि कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाए और मैं अपने परिवार से हाथ जोड़कर विनती करता हूं कि मेरे मरने के बाद सुधार होगा। मैं ऐसा काम करके जा रहा हूं कि फिर हरकत नहीं होगी। मैं सल्फास खाकर अपनी जान दे रहा हूं।
बिलासपुर थाना प्रभारी ज्ञान सिंह का कहना है कि युवक की आत्महत्या के मामले में चारों आरोपियों पर केस दर्ज कर लिया है। मृतक के शव का पोस्टमार्टम करवा दिया है। आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।