एक जमाबंदी पर कई कई बैंकों से लिया लोन, फर्जीवाड़ा में बैंक अधिकारी व पटवारी भी हो सकते है शामिलअब तक सात केसों में नौ लोगों पर हो चुकी है एफआईआर दर्ज
यमुनानगर। सर्व हरियाणा ग्रामीण बैंक से फर्जी तरीके लोन लेने के दो और मामले दर्ज किए गए है। हर दिन नए केस सामने आ रहे हैं। चार दिन में अब तक सात केस दर्ज हो चुके हैं। इनमें नौ लोग आरोपी हैं। इन सभी ने एक ही जमीन की जमाबंदी पर कई-कई बैंकों से लोन लिया है। सर्व हरियाणा ग्रामीण बैंक से लिया लोन जब नहीं चुकाया गया तो जांच में फर्जीवाड़ा सामने आया। फर्जीवाड़े में बैंक अधिकारियों के साथ-साथ पटवारी भी शामिल हो सकते हैं। जांच के बाद मामले में बैंक अधिकारी, पटवारी व अन्य लोग सामने आएंगे।
बैंक मैनेजर शुभम नरवाल ने पुलिस को शिकायत दी है कि एमटी करहेड़ा निवासी सुदेश रानी ने साल 2016 में लोन के लिए अप्लाई किया। बैंक की तरफ से 15 लाख 90 हजार रुपए का लोन जारी कर दिया गया। लोन लेकर उन्होंने वापस नहीं लौटाया। जब उन्होंने जांच की तो पाया कि इसी जमीन की जमाबंदी पर पीएनबी जठलाना से पांच लाख 20 हजार रुपये का लोन पहले लिया हुआ है। इसमें भी यह जमाबंदी दी गई। आरोप है कि एक जमाबंदी पर फिर से लोन लेकर आरोपी सुदेश रानी ने बैंक के साथ धोखाधड़ी की है। इसकी शिकायत पुलिस को दी गई। पुलिस ने आरोपी सुदेश पर केस दर्जकर लिया है।
दूसरे केस में बैंक मैनेजर गुलशन आनंद ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि गांव जठलाना निवासी गुलशन कुमार ने साल 2015 मेें किसान क्रेडिट कार्ड पर लोन के लिए अप्लाई किया। बैंक ने 16 लाख रुपये का लोन जारी किया। लेकिन उसने बैंक से लिया लोन जमा नहीं करवाया। जब जांच की तो पता चला कि बैपहले ही इसी जमीन पर एसबीओपी, जजीबी, इलाहबाद बैंक, यूको बैंक, पीईएसबी बैंक से 37 लाख रुपये का लोन लिया हुआ है।