लूट में पैसे कम मिले तो महिला क्लर्क का रेप कर दबा दिया था गला, दोनों आरोपी पकड़े
चार फरवरी को रामनगर में हुई वारदात में सीआईए-1 ने पास ही की गुलाब नगर कॉलोनी से दो को किया गिरफ्तार
आरोपियों तक पहुंचने में उनकी क्रिमिनल हिस्ट्री बनी जरिया, एक ने ठीक ऐसे ही अंजाम दी थी एक वारदात
एक हत्या कर लूट के मामले में है दोषी, उम्रकैद में सात साल सजा काटने पर हाईकोर्ट से 2011 में मिली थी बेल
दूसरा आरोपी भी लूट के मामले में है आरोपी, जमानत पर आने के बाद दोनों ने मिलकर बनाई वारदात की प्लानिंग
दोनों आरोपी दोस्तों ने सरकारी कर्मी के घर काफी पैसा होने की सोच वारदात से पूर्व दो माह तक की थी रेकी
अमर उजाला ब्यूरो
यमुनानगर।
बिलासपुर बीडीपीओ ऑफिस की महिला क्लर्क को उसके घर पर बंधक बनाकर लूटपाट के बाद उसकी गला दबाकर हत्या करने वाले दोनों आरोपी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिये हैं। आरोपियों ने बताया कि हत्या से पहले उन्होंने महिला से रेप भी किया था। सीआईए-1 टीम ने दोनों को वारदात स्थल से ठीक सामने गुलाब नगर से गिरफ्तार किया गया है। दोनों को कोर्ट में पेश कर चार दिन के रिमांड पर भेज दिया गया है।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे दोनों दोस्त हैं और दोनों ने वारदात को अंजाम देने से पहले दो माह तक की रेकी की थी। उन्हें पता चला कि महिला सरकारी कर्मचारी है और घर पर अकेली रहती है। उन्हें लगा उसके पास बहुत पैसा होगा। वारदात से ठीक पहले विनोद के घर पर छत पर बैठ दोनों ने शराब पी और फिर योजना अनुसार महिला की गली में रात करीब डेढ़ बजे पहुंचे। विनोद मुख्य गेट के ऊपर से घर में दाखिल हुआ और उसके मुख्य गेट अंदर से खोल ऋषिपाल को अंदर बुलाया। मुख्य गेट की कुंडी खोलने के दौरान आवाज सुनकर महिला जाग गई और बाहर आकर शोर मचाने लगी। विनोद और ऋषिपाल ने उसे कमरे में ले जाकर कपड़े से उसका मुंह दबा दिया। इसके बाद महिला के हाथ-पैर बांध दोनों ने घर पर लूटपाट की। उन्होंने महिला के कानों की सोने की बालियां, पैरों की पाजेब व अलमारी में रखे बैग से करीब 1800 रुपये व अन्य कागजात ले लिए। उम्मीद के मुताबिक नकदी व सामान न मिलने पर दोनों मायूस हो गए। गुस्साए ऋषिपाल ने उससे रेप किया। जबकि विनोद ने महिला को पकड़े रखा। इसके बाद कपड़े से महिला का गला घोंटकर हत्या के बाद दोनों लूटपाट का सामान लेकर मुख्य गेट से फरार हो गए।
चार फरवरी को रामनगर में हुई वारदात को पहले पुलिस लूट के इरादे से की गई हत्या मान रही थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में रेप की पुष्टि होने पर सीआईए-1 ने जांच में जुटी थी। सीआईए-1 टीम दोनों आरोपियों तक उनकी क्रिमिनल हिस्ट्री के सहारे पहुंची। सीआईए-1 टीम ने जांच में पाया कि वारदात स्थल के ठीक सामने गुलाबनगर के विनोद उर्फ मिंटू और ऋषिपाल दोनों अपराधी किस्म के हैं। विनोद को 2005 में बिलासपुर के नगली में व्यक्ति की हत्या कर लूटपाट करने के मामले में कोर्ट ने उम्रकैद की सजा सुनाई थी। विनोद को सात साल की सजा काटने के बाद 2011 में हाईकोर्ट से बेल पर मिल गई थी। वहीं, उसका साथी ऋषिपाल 2012 में थाना छप्पर व थाना सदर जगाधरी क्षेत्र में चार लूट की वारदातों का आरोपी है। वह गिरफ्तारी के बाद जमानत पर था।
विनोद की ओर से 2005 में बिलासपुर के नगली में व्यक्ति की हत्या कर लूटपाट की वारदात से सीआईए-1 टीम ने चार फरवरी को रामनगर में हुई बिलासपुर बीडीपीओ ऑफिस की 57 वर्षीय महिला कलर्क की हत्या व लूटपाट को जोड़कर देखा तो दोनों वारदात को अंजाम देने का तरीका एक था। सीआईए-1 इंचार्ज सुनील कुमार ने टीम का गठन किया। इसमें एसआई जोगिंद्र सिंह, एएसआई जसविंद्र, मनोज, सुखविंद्र, रोहित, आजाद, विपिन व संदीप शामिल रहे। टीम ने गुलाबनगर निवासी विनोद उर्फ मिंटू को उसकी कॉलोनी से हिरासत में लेकर पूछताछ की। उसने अपने साथी ऋषिपाल के साथ मिलकर क्लर्क की हत्या व लूटपाट की वारदात कबूली। सीआईए-1 टीम ने उसके साथी ऋषिपाल को भी गिरफ्तार कर लिया।