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आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए नेशनल हाईवे किया जाम, पुलिस से धक्का-मुक्की
- डेढ़ घंटे तक बुड़िया चौक के पास हाईवे पर डटे रहे परिजन, खूब किया हंगामा
- परिजनों को मनाने में तहसीलदार और डीएसपी समेत अन्य अधिकारियों के छूटे पसीने
- बीकेडी रोड पर गांव शहजादपुर के पास युवक की हत्या के मामले में फूटा गुस्सा
अमर उजाला ब्यूरो
यमुनानगर। बीकेडी रोड पर शहजादपुर के पास पिछले दिन युवक की हत्या में आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर सोमवार को मृतक के परिजनों ने हाईवे जाम कर दिया। नेशनल हाईवे 73ए पर बुड़िया चौक के पास जाम लगाने के दौरान लोगों की पुलिस से धक्का-मुक्की भी हुई। कई थानों के एसएचओ और पुलिस बल के सामने सुबह 11 बजे से करीब डेढ़ घंटे तक हाईवे पर हंगामा होता रहा। बाद में पहुंचे डीएसपी बिलासपुर रणधीर सिंह और एसडीएम जगाधरी भारतभूषण कौशिक ने किसी तरह जाम खुलवाया। इस बीच भीषण गर्मी में नेशनल हाईवे पर दोनों ओर, बीकेडी रोड और जगाधरी बाजार रोड पर वाहन फंसे रहे।
बीकेडी रोड पर शहजादपुर के पास रविवार को जगाधरी(लोहरान) निवासी मंदीप सिंह की हत्या के बाद पुलिस ने शव पोस्टमार्टम हाउस में रखवा दिया था। सोमवार सुबह युवक का पोस्टमार्टम कराया गया। इस दौरान पोस्टमार्टम हाउस के बाहर परिजन, रिश्तेदार, दोस्त और कॉलोनी के लोग एकत्रित हो गए। लोगों में रोष देख पुलिस बल भी तैनात कर दिया गया था। इस बीच परिजनों ने आरोपियों की गिरफ्तारी के संबंध में पूछा तो पुलिस सटीक जानकारी नहीं दे सकी। इस पर परिजन भड़क गएा पुलिस को शाम तक आरोपियों की गिरफ्तारी करने का अल्टीमेटम दे दिया। इधर, पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को शव मिला तो उनका आक्रोश फिर भड़क गया। वे इसे लेकर जगाधरी-पौंटा नेशनल हाईवे 73ए पर बुड़िया चौक के पास पहुंच गए। यहां पर परिजनों ने मंदीप के शव को चौक पर हाईवे के बीच में रख दिया और जाम लगा दिया। चौक पर पुलिस के रखे बैरीकेड को सड़क के बीच में रख दिया। इधर, कुछ ही देर में चौक पर लोगों का हजूम उमड़ पड़ा। इसकी सूचना पुलिस को दी गई तो कुछ ही देर में मौके पर थाना शहर यमुनानगर, जगाधरी, बुड़िया, सदर जगाधरी सहित विभिन्न थानों के एसएचओ पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे, मगर उनकी एक न चली। जाम खुलवाने में लगी पुलिस से धक्का-मुक्की भी की गई।
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जाम लगाने पर 16 नामजद, 150 अन्य पर केस दर्ज
मंदीप सिंह की हत्या के बाद बुड़िया चौक पर जाम लगाने के आरोप में शहर जगाधरी पुलिस ने 16 लोगों को नामजद करते हुए 150 अन्य पर केस दर्ज किया है। बुड़िया चौकी के हेड कांस्टेबल बलबीर सिंह की शिकायत पर पुलिस ने गौरव, विशाल नगर के भूरा, ग्रीन विहार के आफताब, सर्वजीत बतरा, रिंपी, धन्ना, भरतु, बाबू, रिंकू, आशु भोला, विजय नगर कालोनी का संदीप पंडित, साहिल, लालू, आजाद नगर का साहिल, बाबा प्रभु सिंह, अमरजीत को नामजद करते हुए सौ डेढ़ सौ अन्य के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है।
वर्जन
बुड़िया चौक पर जाम लगाने की सूचना पर वे मौके पर गए थे। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कई टीमें बनाकर दबिश दी जा रही है। आरोपियों की जल्द गिरफ़्तारी होगी। इसी आश्वासन पर परिजनों को समझाकर शांत किया गया। जिसके बाद परिजनों ने जाम खोल दिया। जाम लगाने के आरोप में पुलिस ने डेढ़ सौ से अधिक लोगों पर केस दर्ज किया है।
- बीबी कौशिक, एसडीएम, जगाधरी।
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पहले की पुलिस के खिलाफ नारेबाजी, फिर वाहेगुरु का जाप
जाम लगाते ही लोगों ने पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। मंदीप की हत्या को 24 घंटे बीत चुके थे। इसलिए शव से दुर्गंध आने लगी थी। इसके अलावा गर्मी भी प्रचंड पर थी। रिश्तेदार सबसे पहले शव के पास रखने के लिए बर्फ लेकर आए। फिर दुकान से टेंट लगा दिया गया। महिलाएं और रिश्तेदार हाईवे के बीच में शव के चारों तरफ बैठ गए और वाहेगुरु का जाप कर अपना विरोध जताने लगे।
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आरोपियों की सत्तारूढ़ दल के नेताओं से जान पहचान, पुलिस बचा रही
परिजन सतप्रीत, सतनाम, हरप्रीत बतरा, अमरपाल रिंपी, भारत और रिंपी शर्मा का कहना था कि 24 घंटे बीतने पर भी मंदीप के हत्यारोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई। आरोप लगाया कि, सत्तारूढ़ दल के कुछ नेताओं की आरोपियों से जान पहचान होने से पुलिस उन्हें बचा रही है।
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एसडीएम के आश्वासन पर खोला जाम
करीब डेढ़ घंटे तक नेशनल हाईवे पर हंगामे के बीच एसडीएम जगाधरी बीबी कौशिक पहुंचे और बताया कि तीन टीमें पहले ही पुलिस ने बना रखी थी। अब दो टीमें अलग से बना रहे हैं। उनकी पूरी कोशिश है कि शाम तक आरेापियों की रिफ्तारी हो जाए। इस पर लोगों ने शव को हाईवे के बीच से उठाया और जाम खोल दिया।
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यह था मामला
जगाधरी के लोहरान मोहल्ला निवासी मंदीप (19) रविवार सुबह अपने दोस्त गांधी नगर निवासी साहिल, जोहड़ीपुर निवासी अंकित और गांधी धाम निवासी विशाल के साथ नहाने के लिए बीकेडी रोड पर स्थित फतेहगढ़ पुल के नजदीक नहर में गए थे। नहर में नहाने के दौरान गांधी नगर निवासी साहिल को उसके घर से फोन आ गया और वह अपने घर आ गया। इसके बाद दो बाइक पर तीनों दोस्त निकले तो गांव शहजादपुर के पास पीछे से आई कार ने दोनों बाइक को टक्कर मारकर गिरा दी। टक्कर लगने से मंदीप बाइक सहित सड़क पर गिर गया, जबकि अंकित और विशाल सड़क किनारे गिर गए। इसके बाद कार से पांच युवक हाथों में देसी पिस्टल, कुल्हाड़ी व अन्य तेजधार हथियार लिए हुए बाहर निकले। एक युवक ने विशाल की कनपटी पर पिस्टल रख दी। आरोप है कि, बाकी युवकों ने मंदीप पर कुल्हाड़ी व अन्य तेजधार हथियारों से हमला कर दिया। आरोपियों ने मंदीप के सिर में कुल्हाड़ी से वार कर दो फाड़ कर दिया। इस मामले में पुलिस ने अमादलपुर निवासी अभिषेक राणा, तिगरा निवासी रजत राणा, शुभम राणा, रवि राणा व ग्रीन विहार जगाधरी निवासी विकास उर्फ मोनू के खिलाफ हत्या सहित विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया था।