यमुनानगर। नगर निगम यमुनानगर-जगाधरी के वार्ड पार्षदों के चुनाव को लेकर मतदान के दौरान कई इलाकों में मतदाता उलझन में पड़ आए। चूंकि उन्हें मतदान केंद्र पर पहुंचकर पता चला कि उनके वोट साथ लगते दूसरे वार्ड में पार्षद प्रत्याशी के लिए हैं। ऐसे में वह घर से जिसे अपने वार्ड का पार्षद प्रत्याशी मान वोट डालने निकले थे, उसे वोट नहीं डाल पाए।
ऐन मौके पर दूसरे वार्ड के पार्षद प्रत्याशी को वोट डालने का फैसला लिया अन्यथा वापस घर की ओर लौटना पड़ा। आजाद नगर के गली नंबर पांच निवासी अश्वनी कुमार, मंजीत, जयराम, शशीबाला, उषा रानी ने बताया कि नगर निगम के पिछले दो चुनावों में उनके वोट दस में थे।
इस बार भी वार्ड दस से पार्षद पद के प्रत्याशियों को वोट डालने के लिए घर से निकले थे। मतदान केंद्र-139 के बाहर पर्ची बनवाने पर पता चला कि उनके वोट वार्ड नौ के लिए डाले जाएंगे, जहां पहले से पार्षद निर्विरोध बन गई हैं। इस पर उन्होंने केवल मेयर प्रत्याशी के लिए वोट डाली। उन्होंने बताया कि ऐसा ही आजादनगर, शांति कॉलोनी व मुंडा माजरा के क्षेत्र के मतदाताओं को उनके वोट वार्ड दस के बजाय नौ में होने का पता चला।
नगर निगम के वार्डों की संख्या पिछले निगम चुनाव की तरह इस बार भी 22 ही हैं लेकिन नई वार्डबंदी से कई क्षेत्र वार्डों में इधर-उधर हो गए। इस पर पूर्व व निवर्तमान पार्षद भी आपत्तियां दर्ज कराने के साथ विरोध जता चुके हैं। उनकी मांग थी कि वार्ड संख्या 22 है तो वार्डबंदी में वार्डों के क्षेत्रों में बदलाव न किया जाए। आरोप है कि उनकी मांग नजरअंदाज की गई। संवाद