यमुनानगर। एसएस जैन स्थानक मॉडल टाउन में जितेंद्र मुनि रचित मुनि तेजस मुनि महाराज के सानिध्य में शांतिनाथ भगवान का विशेष जपानुष्ठान कराया गया। रचित मुनि महाराज ने कहा कि आप सभी को पता है कि शहर की कोई गली, मोहल्ला ऐसा नहीं है जहां डेंगू, चिकनगुनिया जैसी बीमारियों का प्रकोप फैला नहीं हुआ हो।
घर-घर में इस बीमारियों ने अपने पांव पसारे हुए हैं। अपने जैन समाज के कई परिवार इन बीमारियों से कई ग्रस्त है। खुशकिस्मत है वो जो इससे बचे हुए हैं। इसलिए रोग, शोक, भय से निवारण हेतु सामूहिक रूप से उच्चारण के साथ शांति पाठ कराया गया। सभी गुरु भक्तों ने इस शांति धारा,शांति पाठ में समय पर उपस्थित रहें। रचित मुनि महाराज ने शांतिनाथ भगवान का वर्णन करते हुए कहा कि इस भारत वर्ष के चक्रवर्ती पद की महान रिद्धि को श्री शांतिनाथ भगवान ने इस लोक की शांति के लिए छोड़कर अनुत्तर गति (मुक्ति ) को प्राप्त किया। ऐसे शांतिनाथ भगवान का स्मरण करने से पूरे विश्व में शांति हो जाया करती है। भगवान शांति नाथ ने चक्रवर्ती पद प्राप्त किया और पच्चीस हजार वर्ष तक संपूर्ण भारत का शासन किया। उसके पश्चात एक हजार राजाओं के साथ दीक्षा ग्रहण कर केवल ज्ञान और मोक्ष की प्राप्ति की।