संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। खुद को ठेकेदार बताकर तीन लोग बिलासपुर के एक विक्रेता से 72 हजार रुपये की सीमेंट ले गए। बदले में विक्रेता को जो चेक दिए थे वे बाउंस हो गए। विक्रेता की शिकायत पर पुलिस ने तीनों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर लिया है।
बिलासपुर के तारनवाला गांव निवासी संदीप कुमार ने एसपी को दी शिकायत में बताया कि वह छछरौली रोड पर गणपति स्कूल के सामने वेदास इंटरप्राइजिज का मालिक है। वह बिजली के उपकरण व बिल्डिंग मैटीरियल सप्लाई करने का काम कई साल से कर रहा है। गत वर्ष उसके पास हरिपुर जटान गांव निवासी राकेश, अनूप व कर्मबीर आए। उन्होंने खुद को ठेकेदार बताते हुए कहा कि उन्होंने बिलासपुर में कोर्ट परिसर बनाने का ठेका ले रखा है। इसके लिए उन्हें बिल्डिंग मैटीरियल की जरूरत है। वे उसके पास से नकद सामान लेकर गए। 29 जुलाई 2020 को तीनों उसकी दुकान पर गाडी में आए और उससे जेके सुपर सीमेंट के 100 बैग करीब 36000 रुपये में खरीद कर कहने लगे कि उनके पास कैश उपलब्ध नहीं है।
उन्होंने उसे एक्सिस बैंक अंबाला का चेक दिया। इसके बाद वे 05 अगस्त 2020 को फिर से उसी गाड़ी सवार होकर उसकी दुकान पर आए और जेके सुपर सीमेंट के 100 बैग खरीदकर रुपये 36,000 का चेक देकर चले गए। उन्होंने बैंक में चेक लगा दिए, लेकिन उनके कैश होने बारे जानकारी नहीं ली। बाद में नेट बैंकिंग के माध्यम से अपना खाता चेक किया तो पता चला कि दोनों चेक बाउंस हो चुके हैं। उसने बैंक में जाकर पता किया तो पता चला कि दोनों चेक पर फर्जी हस्ताक्षर करके धोखाधड़ी की गई है।
जांच में पता चला कि जिस व्यक्ति के नाम पर खाता था उस पर दूसरे ने अपने हस्ताक्षर कर रखे थे। जब उसने आरोपियों से इस बारे में बात करने की कोशिश की तो वे पहले तो कोई संतोषजनक उतर नहीं दे पाए और जब रुपयों की डिमांड की गई तो वे जान से मारने की धमकी देने लगे। एएसआई निर्मल सिंह का कहना है कि शिकायत के आधार पर तीनों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। मामले की जांच चल रही है।