संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। बाकरपुर गांव के रकबा में यमुना नदी किनारे प्लेज की खेती करने वाले किसान की छान में मंगलवार को आग लग गई। आग से छान में रखा सामान, तीन लाख रुपये, गहने व अन्य दस्तावेज जल गए। लोगों ने अपने स्तर पर आग पर काबू पाया, क्योंकि घटनास्थल पर जाने के लिए रास्ता न होने से दमकल की दो गाड़ियां दो किलोमीटर पहले ही रुक गई थी। पीड़ित किसान छोटा लापरा निवासी नौशाद अपनी पत्नी, सात लड़कियों व दो लड़कों के साथ इसी छान में रहता था।
आग लगने से हुए नुकसान को देख कर नौशाद की पत्नी बेसुध हो गई। नौशाद ने पुलिस को बताया कि वह हर साल यमुना नदी के किनारे बेल वाली सब्जी लगाता है।
इसके लिए उसने ओदरी गांव के सरपंच समय सिंह से ठेके पर 15 एकड़ जमीन ठेके पर ली हुई है। इसके लिए वह उसे 12 हजार रुपये प्रति एकड़ की दर से भुगतान करता है।
उसने खेतों के बीच ही एक छान बना रखी है, जिसमें वह अपनी पत्नी दिलशादी, सात लड़कियों व दो लड़कों के साथ रहता है। मंगलवार को वह सब्जी में पानी देने के लिए गया था, इसी दौरान उसने छान से धुआं उठाता देखा। आग को देखकर आसपास के लोगों ने दमकल विभाग को भी सूचना दी और खुद आग बुझाने में लग गए। नौशाद ने बताया कि आग लगने से उसके तीन लाख रुपये, दस्तावेज, सामान, खाने का सामान भी जल गया।
गर्मी में चारपाई की छाया में बैठा रहा परिवार
छान में आग कैसे लगी इसका पता नहीं चल पाया, क्योंकि वहां आसपास बिजली की तार भी नहीं है। दोपहर के लिए भोजन बनाकर छान के अंदर रखा गया था वह भी आग में जल गया। तीन लाख रुपये जो जमीन के मालिक को देने के लिए रखे थे वह भी आग से जल गए। आग बुझने के बाद नौशाद ने बक्सा खोल कर रुपये निकाले तो सारे नोट जले हुए थे। कोई जगह नहीं होने के कारण परिवार दो चारपाई को डंडों के सहारे खड़ा करके उन पर कपड़ा डाल कर बैठा रहा। गर्मी की वजह से पूरे परिवार का बुरा हाल था।