संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। दयालगढ़ में साले की मार से घायल हुए 38 वर्षीय युवक की अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। युवक की टांग के फ्रैक्चर का ऑपरेशन बुधवार को किया गया था। ऑपरेशन के बाद उसकी तबीयत बिगड़ गई और कुछ देर बाद उसने दम तोड़ दिया।
मृतक के भाई ने साले पर पीटकर हत्या का आरोप लगाया है। वहीं मृतक की पत्नी ने अस्पताल में इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया है। पुलिस ने दोनों पक्षों के बयान दर्ज कर शव का पोस्टमार्टम कराया।
मृतक के भाई उपेश यादव ने बताया कि उसका भाई बजरंगी दयालगढ़ में पत्नी सिंधु देवी और चार बच्चों के साथ रहता था। वह बर्तन फैक्टरी में काम करता था। उसका साला अनिकेत भी उनके साथ रहता था और फैक्टरी में काम करता था। उपेश के अनुसार 25 अगस्त को बजरंगी का पत्नी के साथ विवाद हो गया था। इस दौरान अनिकेत ने डंडे से उसके भाई पर हमला कर दिया। इससे बजरंगी के सिर और टांग में चोट आई। इसके बाद उसे जिला नागरिक अस्पताल में भर्ती कराया गया था। करीब आठ दिन उपचार के बाद बुधवार को उसकी टांग का ऑपरेशन हुआ और बाद में उसकी मौत हो गई। उपेश ने आरोप लगाया कि भाई की मौत मारपीट में लगी चोटों के कारण हुई है।
वहीं सिंधु देवी ने बताया कि पति के साथ विवाद के दौरान उसका भाई बीच-बचाव करने पहुंचा था। वह बजरंगी को कमरे में ले जा रहा था, तभी बजरंगी ने उनके भाई के बाल पकड़ लिए। इसके बाद हुई मारपीट में उनके पति के सिर और टांग पर चोट लगी। सिंधु ने आरोप लगाया कि ऑपरेशन से पहले बजरंगी की हालत ठीक थी।
ऑपरेशन के बाद उनका शरीर सूज गया और कुछ देर में उनकी मौत हो गई। बूडि़या थाना प्रभारी निर्मल सिंह ने बताया कि मृतक के भाई और पत्नी के बयान दर्ज किए गए हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के वास्तविक कारण का पता चलेगा। फिलहाल मामले की जांच जारी है।
आरोप निराधार : डॉ. गोयल
मुकंद लाल जिला नागरिक अस्पताल के पीएमओ डॉ. विपुल गोयल का कहना है सारे आरोप निराधार है। इलाज में किसी तरह की लापरवाही नहीं बरती गई। फिर भी शव का पोस्टमार्टम डॉक्टरों के पैनल से कराया गया है। फिलहाल पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं आई है।
पोस्टमार्टम हाउस के बाहर मौजूद मृतक बजरंगी के परिजन। संवाद