स्टेट बैंक की सहयोगी 21 शाखाओं के कर्मचारी वीरवार को हड़ताल पर रहे। कर्मचारियों ने रेलवे रोड स्थित स्टेट बैंक ऑफ पटियाला के समक्ष खड़े होकर स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कर्मचारियों की एक दिन की इस हड़ताल से लगभग दस करोड़ रुपये का लेनदेन प्रभावित हुआ। वहीं, उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ा।
आल इंडिया बैंक इंपलाइज एसोसिएशन के आह्वान पर वीरवार को जिले के स्टेट बैंक सहयोगी स्टेट बैंक ऑफ पटियाला, बीकानेर एवं जयपुर, बैंक ऑफ हैदराबाद, स्टेट बैंक ऑफ त्रावनकोर, स्टेट बैंक ऑफ मैसूर के सभी कर्मचारी हड़ताल पर रहे। उक्त बैंकों के सभी कर्मचारी वर्क सस्पेंड रखकर रेलवे रोड स्थित स्टेट बैंक ऑफ पटियाला के बाहर एकत्रित हुए। यहां उन्होंने स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के प्रबंधन के खिलाफ एसोसिएशन के सचिव जगदीश लाल की अध्यक्षता में प्रदर्शन किया। जगदीश लाल ने कहा कि सभी सहयोगी स्टेट बैंकों को स्टेट बैंक ऑफ इंडिया से स्वतंत्र किया जाए। उनके सभी बैंकों में कम्पोजिनेट एप्वायंटमेंट स्कीम को भारत सरकार के अन्य विभागों के अनुसार लागू किया जाए।
उनके ग्रह निर्माण ऋण, ओवर ड्राफ्ट, ऋण सीमा को बढ़ाया जाए। उनके बैंकों में अधिनिस्थ स्टाफ व अंशकालीन कर्मचारियों की भर्ती की जाए। सभी सहयोगी बैंकों पर स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की सर्विस कंडीशन को लागू न किया जाए। सचिव जगदीश लाल ने बताया कि हड़ताल में उक्त बैंकों की 21 शाखाओं के सभी कर्मचारी शामिल हुए। उनकी हड़ताल स्टेट बैंक ऑफ इंडिया प्रबंधन के खिलाफ है। एक दिन की उनकी हड़ताल से लगभग दस करोड़ रुपये का लेनदेन प्रभावित हुआ है। प्रदर्शन में जिला सचिव गुरमुख सिंह, सुशील गुप्ता, कृष्ण लाल, जसबीर सिंह, शीतल वर्मा, फकीर चंद, हरदेव सिंह, प्रवीण, डेजी, रीना, नीतू आदि ने भाग लिया।
अधिकारी नहीं केवल कर्मचारी रहे हड़ताल पर
वीरवार को जिले की स्टेट बैंक सहयोगी शाखाओं के सभी कर्मचारी हड़ताल पर रहे। लेकिन बैंक प्रबंधक सहित अन्य बैंक अधिकारी बैंक के अंदर बैठे रहे और ऑफिशियल कार्य करते नजर आए। लेकिन पब्लिक डीलिंग संबंधित कार्य पैसे जमा करवाने, निकलवाने, ड्राफ्ट बनवाने संबंधित कोई कार्य नहीं किया गया। जिससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
तो 24 जून को सभी बैंकों की होगी हड़ताल
कर्मचारियों नेताओं ने बताया कि मांगों को लेकर वह लंबे समय से संघर्ष कर रहे है। इस बारे में उनकी कई बार बैंक प्रबंधन के साथ वार्ता हुई, लेकिन मांगे नहीं मानी गई। मंगलवार को भी इस संबंध में उच्चाधिकारियों के साथ वार्ता हुई, लेकिन इसमें कोई निर्णय नहीं हुई। जिस पर बैंक कर्मचारी गुरुवार को हड़ताल पर गए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगे पूरी नहीं हुई तो 24 जून को सभी बैंकों के कर्मचारी उनके समर्थन में हड़ताल पर रहेंगे।
अचानक हुई हड़ताल से उपभोक्ता परेशान
बैंकों की अचानक हुई हड़ताल से संबंधित बैंक शाखाओं के उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ा। स्टेट बैंक ऑफ पटियाला के बाहर खड़े संत नगर निवासी दलीप सिंह ने बताया कि उन्होंने अपने भाई के अकाउंट में पैसे जमा करवाने थे, लेकिन जब वह बैंक आए तो उन्होंने देखा कि बैंक के गेट पर आज बैंक में हड़ताल है, का बोर्ड लगा हुआ है। वहीं आजाद नगर निवासी प्रमोद कुमार ने बताया कि उन्होंने अपने अकाउंट में चैक लगाना था, लेकिन बैंक में हड़ताल थी। जिसके चलते वह चैक नहीं लगा पाया।