समापन कार्यक्रम में मौजूद स्वयंसेवक व शिक्षक
यमुनानगर। रादौर खंड के गांव पोटली में प्रस्तावित हाईवे मार्ग के लिए रास्ता निकालने का किसान चार महीनों से विरोध कर रहे हैं। किसानों और जिला प्रशासन के बीच शनिवार को हुई चौथे दौर की वार्ता भी किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सकी। इससे किसानों में रोष और अधिक बढ़ गया है।
भारतीय किसान यूनियन टिकैत संगठन के जिला प्रधान सुभाष गुर्जर ने बताया कि राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण द्वारा गांव पोटली से हाईवे का रास्ता निकालने के प्रस्ताव का किसान लगातार विरोध कर रहे हैं। इस मुद्दे को लेकर जिला प्रशासन और एनएचएआई अधिकारियों के साथ अब तक चार बैठकें हो चुकी हैं, लेकिन किसानों की समस्याओं और मांगों पर कोई ठोस समाधान नहीं निकल पाया है। शनिवार को अतिरिक्त जिला उपायुक्त नवीन आहूजा, उपमंडल अधिकारी रादौर, जिला पुलिस उप निरीक्षक और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के अधिकारियों के साथ हुई चौथी बैठक भी बेनतीजा रही।
सुभाष गुर्जर ने कहा कि किसान अपनी जमीन और आजीविका को लेकर चिंतित हैं, लेकिन प्रशासन उनकी बात गंभीरता से नहीं सुन रहा। उन्होंने बताया कि इस संबंध में संगठन के प्रदेश अध्यक्ष रतनमान से भी बातचीत हो चुकी है। किसानों ने निर्णय लिया है कि 14 जनवरी को गांव पोटली के धरना स्थल पर बड़ा प्रदर्शन किया जाएगा, जिसमें प्रदेश अध्यक्ष रतनमान स्वयं शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि अब जिला प्रशासन से बातचीत धरना स्थल पर ही की जाएगी, ताकि किसान मौके पर अपनी समस्याएं और आपत्तियां सीधे अधिकारियों के सामने रख सकें। किसान नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि इसके बाद भी समाधान नहीं निकला तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।