यमुनानगर। डिलीवरी के लिए जिला सिविल अस्पताल जा रही गर्भवती महिला की जाम के कारण एंबुलेंस में अचानक तबीयत बिगड़ गई। महिला की हालत को देखते हुए एंबुलेंस में तैनात ईएमटी (इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन) नीतू ने एंबुलेंस में ही डिलीवरी कराई, जहां महिला ने शिशु को जन्म दिया। महिला व उसका बेटा दोनों पूरी तरह से स्वस्थ हैं। डिलीवरी के बाद दोनों को अस्पताल ले जाया गया, जहां उपचार के बाद उन्हें छुट्टी देकर घर भेज दिया गया। सही समय पर सूझबूझ से काम लेते हुए महिला की डिलीवरी कराने पर सिविल सर्जन डॉ. मंजीत सिंह ने ईएमटी नीतू की प्रशंसा की।
एंबुलेंस कंट्रोल रूम के जिला फ्लीट मैनेजर सचिन शर्मा ने बताया कि बुधवार दोपहर गांधी नगर से कंट्रोल रूम में फोन आया था कि गर्भवती महिला का डिलीवरी केस है। उसे अस्पताल लेकर जाना है। सूचना आते ही तुरंत एंबुलेंस ड्राइवर दीपक व ईएमटी नीतू को मौके पर भेज दिया। वह उसे एंबुलेंस में गांधी नगर से लेकर मुकंद लाल जिला सिविल अस्पताल यमुनानगर की तरफ रवाना हुआ। बताया जा रहा है कि दोपहर के समय महाराणा प्रताप चौक के आसपास सड़क पर ट्रैफिक जाम था, जिस कारण एंबुलेंस को रास्ता नहीं मिल पाया। इसी दौरान महिला की तबीयत बिगड़ने लगी। कन्हैया साहिब चौक से पहले महिला की तबीयत अचानक ज्यादा बिगड़ गई। ऐसे में एंबुलेंस को साइड में रोककर महिला की डिलीवरी कराई गई। महिला ने एक बजकर 32 मिनट पर लड़के को जन्म दिया। ईएमटी नीतू ने बताया कि अस्पताल जाने तक मां और उसके बच्चे को कुछ भी हो सकता था, इसलिए उन्होंने धैर्य से काम लिया और महिला की डिलीवरी एंबुलेंस में ही कराई। जिला फ्लीट मैनेजर सचिन शर्मा ने बताया कि ईएमटी को एंबुलेंस में इसलिए भेजा जाता है ताकि आपात स्थिति में वह मरीज को संभाल सके।