जगाधरी। स्कूलों में निजी प्रकाशकों की किताबें, वर्दी, फीस व अन्य शुल्क के नाम पर हो रहे अभिभावकों के शोषण के विरोध में आगाज संस्था ने जिला शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन सौंपा। संस्था ने शिक्षा विभाग से स्कूलों में एनसीईआरटी की किताबें लगवाने की मांग की। उन्होंने मांग की कि स्कूलों का निरीक्षण कर विद्यार्थियों की पुस्तकों की जांच की जाए, यदि निजी प्रकाशकों की किताबों से पढ़ाई की जा रही है तो कार्रवाई की जाए।
ज्ञापन में कहा कि शिक्षा विभाग की ओर से स्कूलों में एनसीईआरटी की पुस्तकें लगाने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं स्कूल आदेशों को नजर अंदाज कर निजी स्कूलों की पुस्तकें लगा रहे हैं। निजी प्रकाशकों की किताबें एनसीईआरटी की तुलना में बहुत ज्यादा महंगी हैं। इससे अभिभावकों में रोष है। संस्था के सदस्य बलबीर सिंह, हरिनारयण शर्मा, रामनाथ बंसल, राजेश बिंद्रा, सुरिंद्र सिंह भाटिया, सुखमिंद्र सिंह, अधिवक्ता केएस अंसल ने कहा कि कनीना हादसे के बाद भी स्कूलों की ओर से बच्चों की सुरक्षा गंभीरता से नहीं लिया गया है। स्कूल बसों के नाम पर अभिभावकों से अच्छी खासी रकम वसूली जा रही हैं लेकिन सुरक्षा पर खर्च नहीं किया जा रहा हैं। इस दौरान जिला शिक्षा अधिकारी सुमन बहमनी, उप जिला शिक्षा अधिकारी शिव कुमार धीमान ने संस्था पदाधिकारियों को नियमानुसार कार्रवाई करने का आश्वासन दिया।