संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। कैल कचरा निस्तारण प्लांट में अब बारिश के मौसम में भी निस्तारण का कार्य निर्बाध रूप से जारी रहेगा। नगर निगम की ओर से यहां 7.24 लाख रुपये की लागत से मजबूत टीन का शेड बनाया जाएगा। इसके साथ ही प्लांट के धरातल को भी पक्का किया जाएगा। शेड के निर्माण से बारिश के दौरान कचरा निस्तारण की प्रक्रिया प्रभावित नहीं होगी और प्लांट में लगी मशीनें भी सुरक्षित रहेंगी।
इसी कड़ी में मेयर सुमन बहमनी ने कैल कचरा निस्तारण प्लांट के निरीक्षण किया। निरीक्षण में उनके साथ अतिरिक्त निगम आयुक्त धीरज कुमार, मुख्य सफाई निरीक्षक हरजीत सिंह सहित अन्य निगम अधिकारी मौजूद रहे। मेयर ने प्लांट में चल रही कचरा प्रबंधन की विभिन्न प्रक्रियाओं का जायजा लिया और कार्यप्रणाली की विस्तार से समीक्षा की।
निरीक्षण के दौरान मेयर ने कचरे के पृथक्करण की प्रक्रिया को भी देखा। यहां कचरे से आरडीएफ (रिफ्यूज डिराइव्ड फ्यूल), बायोसॉयल तथा ईंट-कंकड़ को अलग-अलग किया जा रहा है। इसके अलावा बायो-रेमेडिएशन तकनीक के माध्यम से जैविक खाद भी तैयार की जा रही है। मेयर ने इन सभी प्रक्रियाओं की गुणवत्ता की जांच की और संतोष जताया।
उन्होंने शेड निर्माण के लिए निर्धारित स्थान का भी निरीक्षण किया। अतिरिक्त निगम आयुक्त धीरज कुमार ने बताया कि शेड निर्माण से संबंधित सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। शेड के साथ-साथ नीचे की सतह को पक्का किए जाने से बारिश के दौरान कीचड़ और फिसलन की समस्या नहीं होगी।
इससे कचरा निस्तारण कार्य में किसी प्रकार की बाधा नहीं आएगी और कर्मचारियों को भी राहत मिलेगी। मेयर सुमन बहमनी ने कहा कि अभी तक बारिश होने पर कचरा निस्तारण का कार्य प्रभावित हो जाता था, जिससे मशीनों और कर्मचारियों को परेशानी होती थी। शेड बनने से कचरा निस्तारण की प्रक्रिया लगातार चलती रहेगी और समय पर कचरे का प्रबंधन संभव हो सकेगा। इससे शहर की सफाई व्यवस्था और मजबूत होगी तथा कचरे के ढेर लगने की समस्या से भी निजात मिलेगी।