फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

21 घंटे बिजली आपूर्ति ठप, पानी न मिलने से त्राहि-त्राहि

Sat, 07 Jun 2014 12:38 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, यमुनानगर।
विज्ञापन
विज्ञापन
पिछले दो दिनों से श्रीनगर और राजेश कॉलोनी के लिए बिजली और पानी की समस्या से परेशान रहे। देर शाम गुल हुई बिजली 18 घंटे बाद आ तो गई, लेकिन एक घंटे बाद फिर चली गई। फिर बिजली कर्मचारियों ने इसे ठीक किया तो दो घंटे बाद फिर बिजली चली। इसके बाद फिर कर्मचारी बिजली ठीक करने पहुंचे।
विज्ञापन


इस दौरान कॉलोनी वासी जहां गर्मी से बेहाल रहे वहीं उन्हें पीने का पानी तक नहीं नसीब हुआ। इस दौरान लोगों को दूसरी कॉलोनियों से पानी भर कर लाना पड़ा।

बुधवार रात करीब 11 बजे बिजली सलाई की तारों में हवा के कारण स्पार्किंग हो गई। इससे जगाधरी की राजेश और श्रीनगर कॉलोनी की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। कॉलोनी वालों ने बिजली निगम को इसकी शिकायत दी। कर्मचारियों ने बिजली चालू कर दी, लेकिन इस दौरान केवल दो फेस ही चालू हुए।

गर्मी के कारण बिजली का लोड अधिक रहा, जिस कारण क्षेत्र का ट्रांसफार्मर खराब हो गया। इससे दोनों कॉलोनियों की बिजली गुल हो गई। इस दौरान लोगों की रात बैठकर बिजली के इंतजार में ही कट गई। सुबह 10 बजे कर्मचारी ट्रांसफार्मर ठीक करने पहुंचे, कर्मचारियों ने 5 बजे जेई प्रवीन की मौजूदगी में ट्रांसफार्मर ठीक कर बिजली आपूर्ति चालू की।
विज्ञापन


बिजली चालू होने से लोगों ने राहत की सांस ली। लेकिन यह राहत कुछ देर ही रही। एक घंटे बाद फिर बिजली चल गई। काफी देर बिजली आने का इंतजार करते हुए फिर बिजली कर्मचारियों को शिकायत दी। फिर कर्मचारी कुछ देर के मेहनत के बाद बिजली चालू की। लेकिन दो घंटे बाद फिर बिजली चली।

इसके बाद फिर कर्मचारी बिजली ठीक करने पहुंच गए। बिजली की यह आंख-मिचौली दो दिन जारी रही।

नहीं मिल पाया पीने का पानी
क्षेत्रवासी राधाकृष्ण, पवन शर्मा, महिंद्र कुमार, तरसेम लाल, मेहरू लाल, वीरेंद्र वधवा, वरुण बत्तरा, सुंदरलाल, सुरिंद्र कुमार, श्रवण, मंगा, सुषमा, अंजलि, प्रवीन, पूजा, नीलम ने बताया कि बिजली न होने के कारण पब्लिक हेल्थ का ट्यूबवेल नहीं चल पाया। उन्होंने बताया कि वह पिछले दो सालों से ट्यूबवेल के लिए अलग से बिजली सप्लाई की मांग कर रहे हैं, लेकिन निगम ने आज तक उनकी मांग नहीं मानी है। इससे लोगों को ऐसी स्थिति में पानी की आपूर्ति बाधित न हो। लोगों को पानी के लिए इधर-उधर भटकना पड़ा।
विज्ञापन


विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें