संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। कंपनी की ओर से नाइजीरिया भेजकर नौकरी दिलाने का झांसा देकर हैदराबाद की एक कंपनी के इंजीनियर ने 35 युवाओं से लगभग 19.37 लाख रुपये ठग लिए। आरोपी ने युवाओं को प्रतिमाह 1.80 लाख रुपये वेतन देने का लालच देकर अपने झांसे में फंसाया और उनसे रुपये ठग लिए। सेक्टर 17 थाना पुलिस ने मामले में आरोपी इंजीनियर वरुण रावत पर धोखाधड़ी का केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
कांसापुर निवासी नानू सिंह ने सेक्टर 17 थाना पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह हैदराबाद के चांदनगर स्थित टर्बोटेक इंजीनियर्स सनशाइन रेजीडेंसी कंपनी में नौकरी करता था। कंपनी में यूपी के देवरिया के लवरछी निवासी वरुण रावत भी इंजीनियर के पद पर कार्यरत था। नानू सिंह ने बताया कि उसने साल 2022 में कंपनी छोड़ दी थी। अब वह बस स्टैंड स्थित मारुति सर्विस स्टेशन में नौकरी करता है।
अप्रैल में उसके पास वरुण रावत का फोन आया और कहा कि उनकी कंपनी बेरोजगार लोगों को विदेश नाइजीरिया भेज कर नौकरी दिलवा रही है। जहां उन्हें 1.80 लाख रुपये प्रतिमाह के हिसाब से वेतन मिलेगा। यह भी आश्वासन दिया कि यह सैलरी सीधे उनके भारत के खाते में आएगी। आरोपी ने उसे व उसके साथियों को नौकरी लगवाने का झांसा दिया। आरोपी की बातों में आकर उसने अपने अपने साथियों को बात बताई।
इसके बाद उसके 34 साथी भी विदेश जाकर नौकरी करने को तैयार हो गए। कुछ दिन बाद आरोपी जगाधरी बस स्टैंड के पास एक होटल में आकर रुका। जहां आरोपी ने उससे व उसके साथियों से बातचीत की। उसने बताया कि उनकी टर्बोटेक इंजीनियर्स कंपनी लोगों को नाइजीरिया भेजकर वहां डोनगोट सुपर रिफाइनरी कंपनी में नौकरी दिलाएगी। वहां जाने के लिए 50 हजार से डेढ़ लाख रुपये सिक्योरिटी के रूप में लिए जाएंगे। जो बाद में वापस हो जाएंगे।
आरोपी की बातों में आकर उसने, उसके साथी शुभम, रजनीश समेत करीब 35 साथियों ने आरोपी को 1937401 रुपये दे दिए। इसके बाद आरोपी ने उन्हें दिल्ली में इंटरव्यू के लिए तीन बार बुलाया। हर बार आरोपी उन्हें झूठे आश्वासन देता रहा। लेकिन उन्हें नाइजीरिया नहीं भेजा। शक होने पर उन्होंने आरोपी से अपने रुपये वापस मांगे, लेकिन आरोपी ने रुपये देने से इनकार कर दिया और दोबारा रुपये मांगने पर जान से मारने की धमकी दी। जांच अधिकारी एएसआई संदीप कुमार का कहना है कि आरोपी वरुण रावत पर केस दर्ज कर लिया है।