संवाद न्यूज एजेंसी
रादौर। नकली नोट बनाने की डाई दिखाकर रुपये दोगुना करने का झांसा देकर ठगी करने के मामले में वांछित भूरे का माजरा के पूर्व सरपंच रिषिपाल और उसकी पत्नी मनजीत कौर की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। अब पंजाब के श्री मुक्तसर साहिब निवासी दविंद्र कुमार ने भी 17 लाख रुपये की ठगी की शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने पूर्व सरपंच दंपती समेत चार आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस को दी शिकायत में दविंद्र कुमार ने बताया कि वह वर्ष 2021 में केनरा बैंक से सेवानिवृत्त हुआ था। उसकी पहले से लुधियाना निवासी नरेंद्र कक्कड़ से जान-पहचान थी। नरेंद्र ने उसे बताया कि वह अपने पार्टनरों के साथ एक ऐसे कारोबार में जुड़ा है जिसमें भारी मुनाफा है और निवेश की गई रकम दोगुनी कर वापस की जाती है। उसकी बातों में आकर वह निवेश करने के लिए तैयार हो गया।
इसके बाद आरोपी नरेंद्र ने उसकी मुलाकात पंजाब के रानिया निवासी हरनेक सिंह से करवाई। दिसंबर 2022 में दोनों उसे भूरे का माजरा गांव ले गए, जहां उसकी मुलाकात पूर्व सरपंच रिषिपाल और उसकी पत्नी मनजीत कौर से कराई गई। आरोप है कि चारों ने मिलकर उसे रुपये डबल करने का झांसा दिया और 17 लाख रुपये नकद ले लिए।
रुपये लेने के बाद आरोपियों ने उसे एक कमरे में ले जाकर नकली नोट बनाकर दिखाए और दावा किया कि वे नकली नोट बनाने का काम करते हैं, इसलिए वह भी उनके साथ जुड़ जाए। जब उसने इसका विरोध किया और अपने रुपये वापस मांगे तो आरोपियों ने पिस्टल दिखाकर जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद मारपीट कर उसे सूनसान जगह पर छोड़ दिया।