संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। बाल भवन यमुनानगर में आयोजित 21 दिवसीय ग्रीष्मकालीन शिविर का मंगलवार को समापन हो गया। शिविर में 165 बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर अपनी रचनात्मक एवं बौद्धिक क्षमताओं को निखारा। समापन समारोह में बच्चों ने सीखी गई विभिन्न गतिविधियों की प्रस्तुतियां भी दीं
शिविर के दौरान बच्चों को म्यूजिक, डांस, आर्ट एंड क्राफ्ट, क्ले मॉडलिंग तथा फायरलेस कुकिंग जैसी रचनात्मक गतिविधियों का प्रशिक्षण दिया गया। जिला बाल संरक्षण समिति की ओर से बच्चों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक किया गया। वहीं आत्मरक्षा और आपात परिस्थितियों में बचाव के महत्वपूर्ण गुर भी सिखाए गए।
अमांश फाउंडेशन के आजीवन सदस्य सुशील ओबरॉय व गोबिंद सिंह भाटिया ने बच्चों को जल संरक्षण के सरल और प्रभावी उपायों की जानकारी दी। वहीं इंदु कपूर ने बच्चों की आंखों की जांच कर आवश्यक परामर्श दिया तथा जरूरतमंद बच्चों को दवाएं और चश्मे भी उपलब्ध कराए। ब्रह्मचारी संस्था के प्रतिनिधियों ने आध्यात्मिक मूल्यों और एकाग्रता के महत्व पर प्रकाश डाला।
जिला बाल कल्याण अधिकारी सुखमिंदर सिंह ने कहा कि बाल भवन में प्रत्येक वर्ष जून ग्रीष्मकालीन शिविर का आयोजन किया जाता है, जिसका उद्देश्य बच्चों की प्रतिभा को मंच प्रदान करना है। उन्होंने बच्चों को भविष्य में भी बाल भवन की गतिविधियों में बढ़-चढ़कर भाग लेने के लिए प्रेरित किया। इस अवसर पर यश, प्रशिक्षक प्रीति, रेणु, सिल्की, ममता, गुलफसा, हेमा, रेखा, समन्वयक संजीव बर्मन, संदीप, सुशील, सोहन लाल उपस्थित रहे।
बाल भवन में आयोजित शिविर के प्रतिभागियों बच्चों के साथ अतिथि। डीआईपीआरओ