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किसान व प्रशासन आमने-सामने, समय देने के बाद भी नहीं आए डीसी तो सड़क पर बैठ लगाया जाम, या तो गन्ना भुगतान करो या जहर दो

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किसान बोले-एमएलए भी झूठा, सरकार भी झूठी, अब डीसी साहब की कमिटमेंट देखनी है
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डीसी ने कहा, मुझे रोजाना आपको फेस करना है, इसलिए झूठ नहीं बोलूंगा
किसान बोले-एमएलए भी झूठा, सरकार भी झूठी, अब डीसी साहब की कमेंटमेंट देखनी है
डीसी ने कहा, मुझे रोजाना आपको फेस करना है, इसलिए झूठ नहीं बोलूंगा
किसान व प्रशासन आमने-सामने, समय देने के बाद भी नहीं आए डीसी तो सड़क पर बैठ लगाया जाम, या तो गन्ना भुगतान करो या जहर दो
- उपायुक्त ने किसानों को एक सप्ताह से दस दिन में भुगतान कराने का दिया आश्वासन
- किसान बोले-जब तक पेमेंट नहीं होता तब तक डीसी ऑफिस के सामने जारी रहेगा प्रदर्शन
- जिले में 88 करोड़ रुपये की बकाया है पेमेंट, शुगर केन मैनेजर बोले जितना पैसा आ रहा है जारी हो रहा है
अमर उजाला ब्यूरो
यमुनानगर। बकाया गन्ना भुगतान को लेकर किसान व प्रशासन आमने-सामने हो गए। किसानों ने साफ शब्दों में कहा कि या तो हमारा पेमेंट कर दो या फिर हमें जहर दे दो। महापंचायत में तीन घंटे का समय दिए जाने के बाद भी किसानों ने सड़क पर बैठकर जाम लगाया। किसानों को समझाने के लिए तहसीलदार मौके पर पहुंचे, लेकिन किसानों ने उनकी न सुनी और उपायुक्त को भेजने के लिए अडे रहे। मौके पर डीसी गिरीश अरोड़ा व सरस्वती शुगर मिल के केन मैनेजर डीपी सिंह ने गन्ना पेमेंट के बारे में विस्तार से बताया और उन्हें एक सप्ताह से दस दिन तक भुगतान करने का आश्वासन दिया।
शुक्रवार को अनाज मंडी मंडी स्थित मार्केट कार्यालय परिसर में एकत्रित हुए भारतीय किसान यूनियन से जुडे किसानों ने महापंचायत की और गन्ना बकाया भुगतान पेमेंट के बार में विस्तार से रणनीति बनाई। किसानों की पंचायत में प्रशासन से कहा कि आज जब तक बकाया भुगतान नहीं हो जाता वह घर नहीं जाएगे। किसानों ने प्रशासनिक अधिकारियों को तीन घंटे का समय दिया और कुछ न कुछ रास्ता निकालने की चेतावनी दी। तीन घंटे का समय बीत जाने के बाद भी कोई जवाब न आने पर किसानों ने एकजुट होते हुए सड़क पर जाम लगाने का निर्णय लिया। किसान मार्केट कार्यालय परिसर से सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए डीसी कार्यालय रोड पर जाम लगा दिया और सड़क के बीच में ही बैठ गए और सरकार व सीएम के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान भारी संख्या में किसान मौजूद रहे।
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पुलिस प्रशासन में हडकंप
किसानों के सड़क पर जाम लगाने की सूचना पर पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। मौके पर पहुंची पुलिस फोर्स ने कमान संभाली और ट्रैफिक को अनाज मंडी में से निकाला। उपायुक्त गिरीश अरोड़ा के आश्वासन पर किसानों ने जल्द ही सड़क पर से जाम खोल दिया और सड़क किनारे बैठे गए।
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डीसी बोले- मुझे रोजाना फेस करना है, इसलिए झूठ नहीं बोलूंगा
किसानों को समझाने पहुंचने डीसी गिरीश अरोड़ा ने कहा कि आप सब को पता की फाइल कई विभागों में से होकर गुजरती है। इसलिए समय लग जाता है। गन्ना बकाया भुगतान करना ही हमारी प्राथमिकता है। डीसी ने कहा कि मेरी अभी चंडीगढ़ बात हुई है और भुगतान करने की प्रक्रिया चल रही है। उन्होंने कहा कि हम और आपको रोज बातचीत करनी है। इसलिए जो कमिटमेंट करूंगा सटीक करूंगा।
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पेमेंट न होने तक जारी रहेगा धरना प्रदर्शन
डीसी के आश्वासन दिए जाने के बाद किसान शांत होकर घर नहीं गए। उन्होंने कहा कि साहब हम आप की बात मान गए। लेकिन जब तक हमारा पेमेंट नहीं हो जाता हम सड़क किनारे अपना धरना प्रदर्शन जारी रखेंगे। डीसी ने अनुरोध किया कि वे अपना धरना खत्म कर दें, लेकिन किसानों ने धरने पर बैठे रहने के लिए अडिग रहे।
फोटो नंबर- 8,9,10,11,12
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