जन अ सुविधाएं: टायलेट्स बनाकर पानी व सीवर की व्यवस्था करना भूले निगम अधिकारी
-उद्योग व्यापार मंडल के पदाधिकारी व लोगों ने नगर निगम अधिकारियों को सौंपा ज्ञापन-
नगर निगम अधिकारियों ने कागजों में बना दिया शहर को ओडीएफ
अमर उजाला ब्यूरो
यमुनानगर। नगर निगम अधिकारियों ने कागजात पूरे करके शहर को ओडीएफ तो घोषित करवा लिया, लेकिन हकीकत कोसों दूर है। इंडस्ट्री एरिया स्थित गरीब बस्ती में टॉयलेट्स तो बनवा दिए, लेकिन यहां पानी व सीवरेज की व्यवस्था करना भूल गए। मजबूरन लोगों को अभी भी खुले में शौच जाने को विवश होना पड़ रहा है।
लोगों का कहना है कि जब से इन्हें बनाया गया है, तब से ये बंद ही पड़े हैं। गंदगी से ये चोक हैं और बदबू से क्षेत्र के लोग परेशान हैं। स्थानीय लोगों ने उद्योग व्यापार मंडल के कार्यकारी अध्यक्ष संजय मित्तल व सेवा भारती के कार्यकर्ता किशोर कुमार को स्थिति से अवगत कराया।
मंगलवार को संजय मित्तल की अगुवाई में स्थानीय लोग नगर निगम कार्यालय पहुंचे और ज्ञापन सौंपकर टॉयलेट्स को शुरू करवाने की मांग की। संजय मित्तल ने बताया कि खुले में शौच मुक्त करने के उद्देश्य से ओडीएफ शौचालय का निर्माण करवाया था। जिससे लोग खुले में शौच जाएं लेकिन इस योजना को नगर निगम के अधिकारी भूल चुके हैं। नगर निगम एरिया में जितने भी ओडीएफ शौचालय रखें। उनकी सुचारु रूप से सफाई व्यवस्था व शौचालय में जल व्यवस्था का ध्यान नहीं रखा जा रहा। जिससे शौचालय उपयोग करने वाले लोग परेशान हैं। अधिकतर ओडीएफ शौचालय चोक पड़े हैं। इससे बच्चें व महिलाएं सबसे ज्यादा परेशान हैं। एसई नगर निगम ने एमई रमेश वर्मा व प्रोजेक्ट अधिकारी विपिन गुप्ता को शौचालयों की सफाई व अन्य उचित व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं। इस मौके पर गरीब बस्ती से अजीत, वासुदेव, गोकुल, शंभू, अविनाश, भारत, गोपी, पप्पू, भारत, संजय, बिट्टू आदि मौजूद रहे।
इस बारे में चीफ प्रोजेक्ट ऑफिसर विपिन गुप्ता का कहना है कि टॉयलेट्स की मेंटेनेंस व आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध करवाने बारे में निगम अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। टॉयलेट्स की साफ सफाई सुनिश्चित की जाएगी।
फोटो नंबर 14, 15