छप्पर में सरकार के खिलाफ प्रदर्शन, मंडी में पांच किसानों ने रखी भूख हड़ताल
अमर उजाला ब्यूरो
यमुनानगर। दादूपुर नलवी नहर मामले की आंच अनाज मंडी से छप्पर पहुंच गई है। एक तरफ दादूपुर नलवी नहर को बंद न करने और किसानों का मुआवजा दिए जाने की मांग को लेकर किसानों का धरना जारी है। अब किसानों ने अपने आंदोलन को तेज करना शुरू कर दिया है। इसी कड़ी में गुरुवार को पांच किसान भूख हड़ताल पर बैठे। किसानों ने यहां सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। दूसरी तरफ किसानों ने छप्पर में भी इसी मांग को लेकर प्रदर्शन किया और साढ़ौरा विधायक बलवंत सिंह को ज्ञापन दिया। जिसमें उन्होंने सरकार से नहर को बंद न करने और किसानों का मुआवजा जल्द दिलाने की मांग रखी।
भारतीय किसान यूनियन के बैनर तले अनाजमंडी में चल रहे धरने में गुरुवार को सांकेतिक भूख हड़ताल पर रहने का निर्णय लिया गया। अब हर रोज पांच-पांच किसान भूख हड़ताल पर रहेंगे, जबकि अन्य उनके साथ धरने पर बैठेंगे। गुरुवार को पांच किसान फूल मालाएं डालकर भूख हड़ताल पर बैठे। भाकियू के संगठन सचिव हरपाल सुढल ने कहा कि दादूपुर नलवी नहर में जमीन अधिग्रहण का किसानों को मुआवजा दिया जाना चाहिए। लेकिन सरकार इससे पीछे हट रही है। यह नहर किसानों की लाइफ लाइन है। इसी के तहत किसानों के साथ मिलकर विधायकों को ज्ञापन दिए जा रहे हैं। ताकि सरकार किसानों की आवाज सुन सके। यदि इसके बाद भी सरकार किसानों का मुआवजा नहीं देती है, तो किसान सड़कों पर उतरने को मजबूर होंगे। इस अवसर पर राजबीर भाटली, गुरमेल कलापुर, कृष्णपाल भगवानपुर, खेमचंद गुगलो, अर्जुन सुढल, दलबीर, मनदीप आदि मौजूद रहे।
छप्पर में सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर विधायक को सौंपा ज्ञापन
यमुनानगर। दादूपुर नलवी नहर को चालू रखने और किसानों को उचित मुआवजा दिलाने को लेकर किसानों ने छप्पर में भी सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। इसके बाद विधायक राजपाल भूखड़ी को सरकार के नाम ज्ञापन दिया।
किसानों ने यहां दादूपुर नलवी नहर संघर्ष समिति के प्रधान कश्मीर सिंह ढ़िल्लो व भाकियू के जिला प्रधान संजू गुंदयाना के नेतृत्व में सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। साढौरा विधायक बलवंत सिंह को सरकार के नाम दिए ज्ञापन में कहा कि दादूपुर नलवी नहर क्षेत्र के किसानों की जीवन रेखा है। इस नहर में किसानों की हजारों एकड़ भूमि अधिग्रहण की गई थी। जिस समय दादूपुर नलवी नहर का निर्माण किया गया था उस समय सरकार ने किसानों को उचित मुआवजा दिए जाने का वादा किया था। मगर सरकार ने किसानों को उचित मुआवजा दिए जाना तो दूर उल्टा चलती हुई नहर को बंद करने का फरमान सुना दिया। जिससे क्षेत्र के सैकड़ों गांव के किसान परेशान हैं। इस मौके पर भाकियू प्रदेश संयोजक बाबू राम गुंदयाना, अर्जुन सुढैल, राजेश, कर्मसिंह, सुभाष काम्बोज, सुखविंद्र, जगजीत, राजबीर, राजेश दहिया, सरदार सरदूल सिंह, मायाराम,पवन भगवानपुर,प्रेम सिंह कांबोज आदि मौजूद रहे।