हरियाणा के जिले अंबाला में आजादी के सिपाही देवदत्त राकेश को आखिरकार पूरी इज्जत और शिद्दत के साथ डीसी अंबाला केएम पांडुरंग ने उनके द्वारा लौटाया गया सम्मान वापस लौटा दिया है।
उन्हें बाकायदा वार हीरोज स्टेडियम में सोमवार को शहीदी दिवस के अवसर पर ये सम्मान वापस लौटाया गया। हालांकि प्रशासन ये पहले ही करना चाहता था। मगर डीसी अंबाला ने आजादी के सिपाही को दोबारा सम्मानित करने के लिए 23 सितंबर शहीदी दिवस के दिन को ही चुना।
जिला उपायुक्त केएम पांडुरंग ने कहा कि उपायुक्त ने कहा कि जिला प्रशासन द्वारा सभी सम्मानित स्वतंत्रता सेनानियों, युद्ध वीरांगनाओं तथा शहीद सैनिकों के परिजनों को इस तरह के हर कार्यक्रम में न केवल आदरपूर्वक आमंत्रित किया जाता है बल्कि उनका सम्मान भी किया जाता है।
स्वतंत्रता दिवस समारोह 13 अगस्त की तेज वर्षा के कारण नई अनाज मंडी अंबाला शहर में स्थानांतरित किया गया था और मंडी में आयोजन के लिए पर्याप्त स्थान न होने के कारण हो सकता है किसी स्वतंत्रता सेनानी को व्यवस्था से कोई शिकायत रही हो।
उन्होंने कहा कि प्रशासन द्वारा देवदत्त राकेश के निवास स्थान पर जाकर उनकी नाराजगी दूर करने के साथ-साथ आज उन्हें जिला स्तरीय समारोह में सम्मानित किया गया है।
‘अमर उजाला’ का जताया आभार
स्वतंत्रता सेनानी देवदत्त राकेश ने इस मसले पर ‘अमर उजाला’ का आभार जताया है। उन्होंने कहा कि हालांकि उनकी शिकायत व्यक्तिगत नहीं थी। वहां सभी स्वतंत्रता सेनानियों व उनके आश्रितों का अपमान हुआ था। इसलिए उन्होंने सम्मान लौटाया था।
उन्होंने डीसी अंबाला केएम पांडुरंग व प्रशासनिक प्रवक्ता केवल बिंद्रा का भी आभार जताया। उल्लेखनीय है कि ‘अमर उजाला’ ने ये मामला प्रमुखता से उठाया था।