संवाद न्यूज एजेंसी
सोनीपत। एक सप्ताह में 2 से 20 लाख रुपये तक का लोन दिलवाने का झांसा देकर लोगों से ठगी करने वाले आरोपी बैंक से रुपये समेटकर चंपत हो गए हैं। इसका खुलासा तब हुआ, जब पुलिस मामले की जांच करने बैंक पहुंची। बैंक में खुलवाए गए आरोपी के खाते में महज साढ़े तीन हजार रुपये मिले। पुलिस ने इस खाते को होल्ड करवाते हुए इसकी पूरी जानकारी मांगी है। इसके साथ ही पुलिस ने आरोपियों के सिद्धार्थ कॉलोनी स्थित कार्यालय में भी दबिश दी। यहां ठगी के शिकार हुए करीब 385 लोगों के दस्तावेज मिले हैं।
गांव देवड़ू निवासी श्रीपाल ने सेक्टर-27 थाना पुलिस को शिकायत दी थी कि करीब ढाई महीने पहले वह लोन लेने के लिए अमित अग्निहोत्री कार्यालय में गया था। जहां दो युवतियों से मुलाकात हुई थी। उन्होंने कहा कि खाता रिन्यू होने पर लोन की एक लाख रुपये की राशि बैंक खाते में आ जाएगी। जिसके बाद उस समूह के 9 सदस्य बना दिए। सभी से पांच-पांच हजार रुपये खाते में डलवाए। पैसे डालने के बाद भी लोन नहीं मिलने पर उनके साथ धोखाधड़ी होने का पता लगा।
श्रीपाल ने पुलिस को बताया था कि आरोपी अमित अग्निहोत्री उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद की गंगा नगर कॉलोनी का रहने वाला है। लोगों को झांसे में लेकर ठगी का शिकार बनाने के लिए करीब 15 से 20 लोगों को अपने साथ जोड़ रखा है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी। पुलिस का कहना है कि आरोपियों ने अपनी पहचान संबंधी जो दस्तावेज दिए हुए हैं, वह सभी फर्जी हैं।
बैंक से जानकारी जुटा रही पुलिस
सेक्टर-27 थाना पुलिस का कहना है कि लोगों से ठगी के मामले में पुलिस बैंक से जानकारी जुटाने का प्रयास कर रही है। जिस बैंक खाते में लोगों से बार कोड स्कैन करवाकर 5 से 70 हजार रुपये तक डलवाए गए थे, उस बैंक खाते को खंगाला जा रहा है। पुलिस ने बैंक अधिकारियों से जानकारी मांगी है कि इस बैंक खाते में कितने लोगों ने पैसे जमा करवा, कितनी राशि जमा हुई, खाते से कब-कब राशि निकाली गई है।