सोनीपत। रोहतक रोड पर स्थित नई अनाज मंडी में सीजन के पहले दिन से ही गेहूं की आवक शुरू हो गई है। पहले दिन दो गांव के दो किसान करीब 25 क्विंटल गेहूं लेकर पहुंचे, मगर उनमें नमी 12 फीसदी से ज्यादा होने के कारण हरियाणा राज्य वेयरहाउस कॉरपोरेशन (एचडब्ल्यूसी) ने खरीदने से मना कर दिया। इस पर किसानों को मंडी परिसर में गेहूं सुखाने के लिए मजबूर होना पड़ा।
जिले की चार मंडियों और 18 केंद्रों पर गेहूं की सरकारी खरीद होनी है। किसानों से न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) 2425 रुपये प्रति क्विंटल की दर से गेहूं खरीदा जाएगा। इसके लिए मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल पर फसल पंजीकरण करवाना अनिवार्य है। रबी सीजन में किसानों ने 1.45 लाख हेक्टेयर में गेहूं की खेती की गई है। जिले में किसानों ने 2,30,304 एकड़ में उगाई गई गेहूं की फसल का पंजीकरण करवाया है।
शुरुआत में उन किसानों को फसल बेचने में परेशानी हो सकती है, जिनका फसल पंजीकरण सत्यापन नहीं हो सका या फिर डाटा मिसमैच है। मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल पर करीब दो हजार एकड़ पर उगाई गई फसल का डाटा मिसमैच है। जिसे उच्च अधिकारियों की तरफ से सत्यापित किया जा रहा है
चार बार लगाया उठान व लेबर का टेंडर, आवंटित नहीं हुआ
प्रशासन की ओर से मंडियों व खरीद केंद्रों से गेहूं के उठान व श्रमिकों का टेंडर चार बार लगाया गया। चौथी बार लगाए गए टेंडर के दौरान कुछ ठेकेदार आगे आए। जिला स्तरीय कमेटी (डीएलसी) की बैठक में टेंडर पास किया गया और उसे आवंटित करने के लिए प्रस्ताव राज्यस्तरीय कमेटी (एसएलसी) के पास भेजा गया है। टेंडर अभी तक आवंटित नहीं किया जा सका है। टेंडर आवंटित होने के बाद ही मंडियों से गेहूं का उठान हो सकेगा।
मैंने सोमवार को आधा एकड़ की गेहूं की फसल कंबाइन से कटवाई थी। मंगलवार को मंडी में गेहूं लेकर पहुंचे तो सरकारी एजेंसी के अधिकारी ने नमी की मात्रा ज्यादा बताई। खरीद न होने के चलते परेशानी हुई है। अब गेहूं को मंडी में ही सुखाना पड़ रहा है। -नवीन कुमार, किसान, गांव भटाना जाफराबाद।
मंडी में गेहूं की खरीद की तैयारियां पूरी हैं। किसानों को अपना गेहूं सुखाकर लाना होगा। मंडी में सीजन में पहली बार दो किसान डेढ़ एकड़ का गेहूं लेकर पहुंचे, लेकिन नमी होने की वजह से एचडब्ल्यूसी ने खरीदने से मना कर दिया। -कुलदीप नांगल, पूर्व चेयरमैन, मार्केट कमेटी, सोनीपत।
मार्केट कमेटी ने मंडी परिसर में बिजली, पानी की व्यवस्था कर रखी है। किसानों व मजदूरों की सुविधा के लिए कैंटीन चला दी है। -मनोज गर्ग, आढ़ती, अनाज मंडी।
मंडी में दो किसान करीब 25 क्विंटल गेहूं लेकर पहुंचे थे। नमी की मात्रा अधिक होने की वजह से उनको गेहूं सुखाने के लिए कहा गया है। 12 फीसदी से कम नमी मिलने पर गेहूं खरीदा जाएगा। -ज्योति मोर, सचिव, मार्केट कमेटी।