सोनीपत। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि हरियाणा की भूमि सदैव से शौर्य, बलिदान और स्वाभिमान की जननी रही है। उन्होंने कहा कि दादा कुशाल सिंह दहिया का बलिदान केवल धार्मिक नहीं, बल्कि राष्ट्रीय चेतना और मानवता की रक्षा का प्रतीक है। युवा ऐसे वीरों के जीवन से प्रेरणा लें और राष्ट्र की प्रगति में योगदान दें।
वह शुक्रवार को राजीव गांधी एजुकेशन सिटी, राई में दादा कुशाल सिंह दहिया मेमोरियल समिति के तत्वाधान में आयोजित कार्यक्रम में बोल रहे थे। कार्यक्रम का आयोजन मुख्यमंत्री के ओएसडी वीरेंद्र बढख़ालसा की अगुवाई में किया गया। मुख्यमंत्री ने जीटी रोड से बढख़ालसा होते हुए नांगल कलां से मनौली तक जाने वाले मार्ग का नाम अब दादा कुशाल सिंह दहिया मार्ग करने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि दादा कुशाल सिंह दहिया ने जब गुरु तेग बहादुर के पवित्र शीश को सुरक्षित आनंदपुर साहिब पहुंचाने की जिम्मेदारी उठाई और स्वयं अपना शीश समर्पित कर दिया, तब उन्होंने साहस, समर्पण और देशभक्ति की वह मिसाल कायम की जो इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में दर्ज है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार गुरु तेग बहादुर के 350वें बलिदान वर्ष के उपलक्ष्य में प्रदेशभर में चार पवित्र यात्राओं का आयोजन कर रही है, जिनका समापन 24 नवंबर को कुरुक्षेत्र में होगा। 25 नवंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उपस्थिति में कुरुक्षेत्र में भव्य कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि बढख़ालसा स्मारक परिसर को राष्ट्रीय स्तर का प्रेरणा केंद्र बनाने की दिशा में सरकार तत्परता से काम कर रही है।
प्रदेश की पावन धरती पर गुरु तेग बहादुर के चरण अनेक बार पड़े और उन्होंने मानवता, धर्म रक्षा और सत्य के लिए बलिदान की प्रेरणा दी। उनका और दादा कुशाल सिंह दहिया का संदेश है कि सत्य और धर्म की रक्षा ही सच्ची राष्ट्रसेवा है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश की आध्यात्मिक विरासत को वैश्विक पहचान मिली है। गुरुओं, संतों और महापुरुषों के योगदान को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मान और महत्ता देना केंद्र सरकार की प्राथमिकता रही है।
शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा ने कहा कि दादा कुशाल सिंह दहिया का बलिदान हरियाणा की मिट्टी में सत्य, साहस और स्वाभिमान का अमिट अध्याय है। ओएसडी वीरेंद्र बढख़ालसा ने कहा कि सोनीपत की धरती वीरों की भूमि रही है और यहां के वीरों ने समय-समय पर देश, धर्म और संस्कृति के लिए त्याग किया है।
इस दौरान भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मोहन लाल बड़ौली, लोकसभा सांसद कमलजीत सहरावत, कैबिनेट मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा, कृष्ण लाल पंवार, राज्यसभा सदस्य सुभाष बराला, विधायक कृष्णा गहलावत, निखिल मदान, देवेंद्र कादियान, पवन खरखौदा, पूर्व मंत्री मनीष ग्रोवर, मेयर राजीव जैन आदि मौजूद रहे।