खरखौदा। गांव रामपुर कुंडल में हादसे में जान गंवाने वाले मजदूरों की मौत होने की जानकारी परिजनों को मिली तो वह विश्वास ही नहीं कर पाए। वह जब सोनीपत पहुंचे तो नागरिक अस्पताल में शव देखकर उनका दिल दहल गया। परिजनों का रोकर बुरा हाल था।
शनिवार को नागरिक अस्पताल में पहुंचे कुंदन के चाचा भागवत शाह ने बताया कि शुक्रवार रात को जब उन्हें हादसे की जानकारी मिली तो उन्हें विश्वास ही नहीं हुआ। उनके परिचित ने मामले की जानकारी दी थी। इसके बाद वह सोनीपत पहुंचे। यहां आने के बाद शव देखकर उन्हें दर्दनाक मामले का पता लगा। किसी गैस के प्रभाव में आने से उनकी जान गई है।
दो बच्चों का पिता था कुंदन, नीरज की नहीं हुई थी शादी
परिजनों ने बताया कि कुंदन के पास दो बच्चे हैं। इसमें पांच साल का बेटा व ढाई साल की बेटी है। वह मजदूरी कर परिवार का लालन-पालन करता था। वहीं नीरज अभी अविवाहित थे।
दो साल पहले भी गई थी सेफ्टी टैंक में दो जान
खरखौदा में सितंबर, 2022 में सेफ्टी टैंक की सफाई के दौरान टैंक में गिरकर दो लोगों की मौत हो गई थी। हादसे का शिकार हुए युवकों की पहचान नेपाल के जिला बांका के गांव खैड़चा निवासी धर्मेंद व श्रवण के रूप में हुई थी। वह सेफ्टी टैंक की सफाई करने उतरे थे।