फोटो 32- डीसीआरयूएसटी में मांगों को लेकर धरने पर बैठे शिक्षकों को संबोधित करते हुए। विज्ञप्त
सोनीपत। दीनबंधु छोटूराम विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (डीसीआरयूएसटी), मुरथल के शिक्षकों की ऑडिट की वार्षिक वेतन वृद्धि रोकने पर प्रशासनिक भवन में धरना दिया। शिक्षकों ने ऑडिट विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। शिक्षकों ने आरोप लगाया कि ऑडिट जानबूझ कर बहाने बनाकर वेतन वृद्धि को रोक रहा है। कुलपति डाॅ. अर्चना मिश्रा के आश्वासन के बाद शिक्षकों ने अपना धरना 9 अगस्त तक स्थगित कर दिया है।
डीसीआरयूएसटी के शिक्षकों का कहना है कि लंबे समय से अपनी मांगों का ज्ञापन विश्वविद्यालय प्रशासन को सौंपा था, लेकिन मांगें पूरी न होने व वार्षिक वेतन वृद्धि रोकने से शिक्षकों ने धरने का एलान कर दिया। शिक्षकों का आरोप है कि ऑडिट विभाग विभिन्न बहाने बनाकर शिक्षकों को मानसिक रूप से परेशान करता रहा है। पहले ऑडिट विभाग ने फिक्शेसन को लेकर भी रोड़ा अटकाने का कार्य किया था, लेकिन शिक्षकों के आंदोलन व सरकार के आदेश के बाद पदोन्नति के बाद वेतन फिक्स किया गया था। अब फिर वार्षिक वेतन वृद्धि के समय ऑडिट विभाग ने फिर से शिक्षकों को परेशान करने के लिए रोड़े अटकाने शुरू कर दिए हैं। जबकि सरकार की तरफ से किसी भी शिक्षक की वेतन वृद्धि रोकने से संबंधित कोई आदेश नहीं हैं।
शिक्षकों के धरने के मद्देनजर कुलपति डाॅ. अर्चना मिश्रा ने शिक्षकों के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की और उनकी मांगो का समाधान 9 अगस्त तक करने का आश्वासन दिया है। शिक्षकों ने कुलपति के आश्वासन के बाद धरने को 9 अगस्त तक स्थगित कर दिया। इस दौरान डीसीआरयूएसटी के अध्यक्ष प्रो. सुरेंद्र दहिया, उपप्रधान डाॅ. अनिल यादव, सचिव डाॅ. अजमेर सिंह, कोषाध्यक्ष डाॅ. ममता भगत, पूर्व प्रधान डाॅ. प्रदीप सिंह, पूर्व प्रधान डाॅ. अजय डबास, पूर्व प्रधान डाॅ. दिनेश सिंह उपस्थित रहे।
फोटो 32- डीसीआरयूएसटी में मांगों को लेकर धरने पर बैठे शिक्षकों को संबोधित करते हुए। विज्ञप्त