फोटो :40: सोनीपत में पत्रकारों से बातचीत करते सागर धनखड़ के पिता अशोक धनखड़ व मां सविता। संवाद
सोनीपत। दिल्ली में हुए पहलवान सागर हत्याकांड में ओलंपिक पदक विजेता सुशील कुमार को जमानत दिए जाने के खिलाफ पहलवान के परिजनों ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। अब सुप्रीम कोर्ट ने पहलवान सुशील कुमार की जमानत रद्द कर दी है। अदालत के इस फैसले पर सागर धनखड़ के माता-पिता ने कहा कि फैसला उनके बेटे के लिए न्याय की दिशा में अहम कदम है।
पहलवान सागर धनखड़ का परिवार सोनीपत के मिशन चौक पर रहता है। उनके पिता अशोक धनखड़ व मां सविता धनखड़ का कहना है कि 5 मई, 2021 की रात को दिल्ली के छत्रसाल स्टेडियम में उनके बेटे सागर को डंडे से बुरी तरह से पीटा गया था। इससे सागर की अस्पताल में मौत हो गई थी। उन्होंने ओलंपियन सुशील कुमार, अनिरुद्ध दहिया और 16 अन्य के खिलाफ हत्या, हत्या की कोशिश व अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया था।
मामले में सुशील कुमार को हाईकोर्ट से जमानत मिल गई थी। इस पर आपत्ति जताते हुए अशोक धनखड़ ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। अब सुप्रीम कोर्ट ने सुनील कुमार की जमानत रद्द कर दी है। अशोक धनखड़ ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट से हमें उम्मीद है कि न्याय मिलेगा। हमारे घर पर कई बार हमले हो चुके हैं।
सुशील कुमार पहुंच वाला व्यक्ति है। लगातार समझौते का दबाव बनाया जा रहा है। कई बार पंचायत और खाप पंचायत भी घर आ चुकी हैं। जमानत रद्द होने का फैसला उनके बेटे के लिए न्याय की दिशा में अहम कदम है। उन्हें विश्वास है कि अदालत सच्चाई के आधार पर फैसला देगी।