क्रिकेटर अदिति को सम्मानित करते मंत्री कृष्ण कुमार बेदी।
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हरियाणा के सोनीपत के गांव दुभेटा की बेटी अदिति श्योराण को जिला स्तरीय गणतंत्र दिवस समारोह में सम्मानित किया गया। अदिति चंडीगढ़ की अंडर-19 महिला क्रिकेट टीम में शामिल है। आदिति ने भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) की तरफ से आयोजित वनडे ट्रॉफी में शानदार प्रदर्शन किया था। जिला स्तरीय गणतंत्र दिवस समारोह में कैबिनेट मंत्री कृष्ण कुमार बेदी ने अदिति को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। बेटी को सम्मानित किए जाने से जिले के साथ गांव में भी खुशी की लहर है।
अदिति बतौर ऑलराउंडर चंडीगढ़ की टीम की तरफ से खेलती है। वह टॉप ऑर्डर की बल्लेबाज और ऑफ स्पिन गेंदबाजी करती हैं। उनका अधिकतम बचपन गांव दुभेटा में ही बीता है। उनकी प्रारंभिक शिक्षा गांव खानपुर कलां स्थित ग्लोबल पब्लिक स्कूल से हुई है। वह फिलहाल चंडीगढ़ के सेक्टर-9 स्थित कार्मल कान्वेंट स्कूल की नौवीं कक्षा की छात्रा हैं।
बेटी के लिए दादी और मां का योगदान
दादा रघबीर सिंह श्योराण ने बताया कि कैबिनेट मंत्री कृष्ण कुमार बेदी ने बेटी अदिति को सम्मानित किया है। यह परिवार व गांव के लिए गर्व की बात है कि बेटी इतनी कम आयु में प्रदेश का नाम रोशन कर रही है। हमें उम्मीद है कि अदिति आने वाले समय में देश के लिए खेलेगी। अदिति को आगे बढ़ाने में दादी मूर्ति देवी और मां अनू श्योराण का खास योगदान रहा है। अनु श्योराण शिक्षा विभाग में चंडीगढ़ में प्राध्यापिका हैं।
सम्मान मिलने से बढ़ता है हौसला- अदिति
अदिति साल 2023 में अंडर-15 महिला आयु वर्ग में वनडे प्रतियोगिता खेल चुकी हैं। अदिति ने वर्ष 2024 में राष्ट्रीय स्कूल क्रिकेट प्रतियोगिता में भी अपनी प्रतिभा दिखाई थी। अदिति श्योराण चंडीगढ़ के सेक्टर-16 स्थित क्रिकेट स्टेडियम में क्रिकेट सीख रही हैं। यहीं से महान क्रिकेटर युवराज सिंह और कपिल देव निकले हैं। अदिति ने कहा कि किसी भी खिलाड़ी को सम्मान मिलना बेहद खुशी का पल होता है। जिससे खिलाड़ी का हौसला बढ़ता है और वह अपनी मेहनत को ओर ज्यादा कर देता है। अदिति का लक्ष्य महिला क्रिकेट टीम का हिस्सा बनकर देश के लिए खेलना है।
लड़कों के प्रैक्टिस करती थी अदिति
अदिति पहली ऐसी महिला क्रिकेटर है जिसे सेक्टर 16 क्रिकेट स्टेडियम में ट्रेनिंग के लिए एडमिशन दिया गया था। 12 साल की उम्र में अकादमी के लड़कों के साथ अकेली लड़की प्रैक्टिस करती थी। अदिति के कारण ही अब सेक्टर 16 के स्टेडियम में सभी लड़कियों के लिए दरवाजे खुल गए। पहले स्टेडियम में सिर्फ लड़कों की एंट्री थी। मामला चंडीगढ़ के एडवाइजर और पंजाब के राज्यपाल और यूटी प्रशासक तक पहुंचा तब खेल विभाग को इसके लिए आर्डर जारी करने पड़े। हरियाणा सरकार ने इतनी कम उम्र में एक लड़की के जज्बे को देखते हुए गणतंत्र दिवस पर सम्मानित किया है। समान समझ में सम्मान पाने वाली अदिति एकमात्र खिलाड़ी थी।