मालगाड़ी के पहिए में लगी आग को बुझाता रेलकर्मी
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अंबाला-दिल्ली रेलमार्ग पर सोनीपत के नजदीक शुक्रवार दोपहर उस समय हादसा होने से टल गया, जब गेहूं से भरी मालगाड़ी का पहिया जाम होकर आग लग गई। सूचना के बाद सोनीपत रेलवे स्टेशन पर मालगाड़ी को रोका गया और स्टेशन पर तैनात रेलकर्मियों ने चूना व मिट्टी से आग पर काबू पाया। गनीमत यह रही कि पहिया जाम होने पर आग की सूचना समय पर मिल गई, नहीं तो आग बढ़ने से गेहूं जल सकता था।
पंजाब के चावा पायल रेलवे स्टेशन स्थित एफसीआई के गोदाम से वीरवार रात को मालगाड़ी में गेहूं भरा गया था। उस गेहूं को मालगाड़ी बिहार लेकर जाने के लिए चली थी, जो शुक्रवार दोपहर करीब दो बजे जब सांदल कलां रेलवे स्टेशन से रन थ्रू गुजर रही थी, तभी एक रेल कर्मचारी ने मालगाड़ी के पहिए में धुआं उठता हुआ देखा। वह पहिया जाम होने से रेलवे ट्रैक पर घिसट रहा था। गाड़ी सोनीपत की ओर निकलने के बाद उसने तुरंत इसकी सूचना सोनीपत रेलवे स्टेशन पर स्टेशन मास्टर को दी। स्टेशन मास्टर ने मालगाड़ी चालक को इस बारे में बताया। इसके बाद मालगाड़ी को मेन लाइन पर सोनीपत रेलवे स्टेशन पर रोका गया। पहिया जाम होने से आग की तेज लपटें व धुआं निकल रहा था। तभी स्टेशन पर तैनात रेलवे कर्मचारियों ने मौके पर पहुंचकर मिट्टी व चूने से आग पर काबू पाया।
मालगाड़ी में 10 करोड़ से ज्यादा का गेहूं भरा हुआ था। अगर पहिए जाम होने से उठ रहे धुएं को देखकर सूचना स्टेशन मास्टर व ट्रेन चालक को नहीं दी जाती तो बड़ा नुकसान हो सकता था। रेल कर्मी की सूझबूझ से मिली सूचना के बाद मालगाड़ी को रोककर आग पर काबू पाया।