सोनीपत। ट्रेनों पर पथराव की घटनाओं को रोकने के लिए रेलवे पुलिस बल (आरपीएफ) ने ऑपरेशन दोस्ती अभियान की शुरुआत की है। अभियान चलाकर आरपीएफ न केवल युवाओं को जागरूक करेगी, बल्कि पत्थरबाजाें को भी चिह्नित करेगी। दो दिन पहले ही अमृतसर शताब्दी एक्सप्रेस पर दोपहर को पथराव का मामला सामने आया है, जबकि जून के मध्य अजमेर जा रही वंदे भारत पर भी राठधना के पास पथराव की घटना हुई है।
दिल्ली-अंबाला रेलमार्ग पर सोनीपत से नरेला स्टेशन के बीच अकसर एक्सप्रेस ट्रेनों पर पत्थरबाजी के मामले सामने आ रहे हैं। आरपीएफ ऐसे लोगों पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच भी कर रही है। आरपीएफ थाना प्रभारी संगम यादव के नेतृत्व में पुलिस बल ने रविवार को ऑपरेशन दोस्ती अभियान चलाकर सोनीपत व राठधना स्टेशन पर पहुंचने वाले यात्रियों व आसपास क्षेत्र के युवाओं को जागरूक किया।
आरपीएफ कर्मियों ने यात्रियों, खासकर युवाओं को रेलवे लाइन, कांटों पर पत्थर न रखने, ट्रेनों पर पथराव न करने के प्रति जागरूक किया। उन्हें बताया गया कि रेलवे लाइन, कांटों पर पत्थर रखना, ट्रेनों पर पत्थरबाजी करना कानूनन अपराध है। ऐसा करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
शताब्दी व वंदे भारत पर हुआ पथराव
दिल्ली से अंबाला की ओर जा रही अमृतसर शताब्दी एक्सप्रेस पर 11 जुलाई को शाम 5:30 बजे राठधना-सोनीपत स्टेशन के बीच पत्थरबाजी हुई। इससे पहले 13 जून को चंडीगढ़ से दिल्ली के रास्ते अजमेर जा रही वंदे भारत एक्सप्रेस पर दोपहर 3:45 बजे पत्थरबाजी का मामला सामने आया था।
ये क्षेत्र पथराव को लेकर चिह्नित
सोनीपत-राठधना, राठधना-नरेला स्टेशन के बीच, हरसाना कलां, सुंदर सावरी कॉलोनी, शनि मंदिर के आसपास, ईदगाह कॉलोनी, ज्ञान नगर, गांव बैंयापुर खुर्द।
आरपीएफ ने जागरूकता के लिए ऑपरेशन दोस्ती अभियान की शुरुआत की है। रेलवे लाइन के साथ लगते क्षेत्रों के युवाओं को जागरूक किया जा रहा है कि वह ट्रेनों पर पत्थर न फैंकें। ऐसा करने से उनके खिलाफ आपराधिक मुकदमा दर्ज हो सकता है। दोषी को 5 साल तक की सजा व 10 हजार रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान है। लोगों को भी आरपीएफ के इस प्रयास में सहयोग करना चाहिए।
- संगम यादव, थाना प्रभारी, आरपीएफ, सोनीपत