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Sonipat News: चूहों ने खोखली की डिस्ट्रीब्यूट्री की पटरी, पानी छोड़ते ही 80 एकड़ फसल डूबी

Wed, 26 Nov 2025 12:33 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
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फोटो 33: सोनीपत के गोहाना बाईपास के पास डिस्ट्रीब्यूट्री की पटरी टूटने से खेतों की ओर बहता पानी
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गोहाना। सिंचाई विभाग की ओर से सोमवार रात को पानी छोड़ते ही रोहतक डिस्ट्रीब्यूट्री टूट गई। सिंचाई विभाग के अनुसार डिस्ट्रीब्यूट्री की पटरी को चूहों ने खोखला कर दिया था जिसकी वजह से रोहतक-पानीपत हाईवे के साथ गोहाना बाईपास के नजदीक लगभग 80 एकड़ में फसलें डूब गईं। किसानों ने बुलडोजर मंगवाकर मिट्टी डालकर डिस्ट्रीब्यूट्री की मरम्मत करवा दी है।
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सिंचाई विभाग ने सोमवार रात भालौठ ब्रांच नहर से रोहतक डिस्ट्रीब्यूट्री में पानी छोड़ दिया था। यह पानी रोहतक जिले के गांव सांघी तक जाना था। इससे जलघरों और तालाबों को भरा जाना था। मंगलवार सुबह गांव माहरा, गुढ़ा व शहर के किसान खेतों में गए तो रोहतक-पानीपत हाईवे पर स्थित पंखा फैक्टरी के निकट डिस्ट्रीब्यूट्री की पटरी टूटी मिली।
पानी खेतों में भरा हुआ था। किसान विजयपाल, चंदराम, नान्हा, राजपाल ने बताया कि लगभग 80 एकड़ फसल पानी में डूब गई है। अधिकतर किसानों ने एक सप्ताह के भीतर गेहूं की बिजाई की थी। कुछ किसानों की ओर से गेहूं की बिजाई की तैयारी की जा रही थी। अब पानी भरने से जिन खेतों में बिजाई की गई है उनमें नुकसान की आशंका है।
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किसानों ने बताया कि कनिष्ठ अभियंता के पास फोन किया तो दो कर्मचारी भेज दिए गए लेकिन मशीन नहीं भेजी। किसानों ने स्वयं बुलडोजर मंगवाकर पटरी की मरम्मत कराई।
किसानों का आरोप- बार-बार मांग करने पर भी नहीं करवाई सफाई
किसानों का आरोप है कि सिंचाई विभाग के अधिकारियों से बार-बार मांग करने के बाद भी रोहतक डिस्ट्रब्यूटरी की सफाई नहीं करवाई गई। सफाई नहीं होने की वजह से पटरी कमजोर होने लगी। सोमवार रात को पानी पहुंचा तो टूट गई। सिंचाई विभाग के कार्यकारी अभियंता प्रशांत कुमार का कहना है कि प्रारंभिक जांच में पता चला है कि डिस्ट्रब्यूट्री की पटरी को चूहों ने खोखला कर दिया है जिसकी वजह से वह टूट गई।
दोबारा करनी पड़ेगी बिजाई

कुछ किसानों ने हाल ही में गेहूं की बिजाई की थी। उनका कहना है कि अब दोबारा से बिजाई करनी पड़ेगी। इससे उनको दोहरा नुकसान होगा। एक तो जब तक पानी सूखेगा तब तक गेहूं की बिजाई को बहुत देर हो चुकी होगी। दूसरे दोबारा से बिजाई करने पर उनको आर्थिक नुकसान होगा।
मनरेगा से दो बार डिस्ट्रीब्यूट्री की सफाई कराई जाती थी। अब केंद्र सरकार ने मनरेगा के तहत साल में एक बार सफाई कराने के निर्देश दिए हैं। ऐसे में सफाई न होने के चलते पटरी को चूहों ने खोखला कर दिया। पानी छोड़ते ही वह टूट गई। बुलडोजर की मदद से पटरी को ठीक करवा दिया है। -प्रशांत कुमार, कार्यकारी अभियंता, सिंचाई विभाग
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