फोटो :: सोनीपत के पुलिस लाइन में आयोजित मॉक ड्रिल में अभ्यास के दौरान मौजूद पुलिस बल। स्रोत पुल
सोनीपत। पुलिस ने दंगा-रोधक दस्तों की तैयारियों को परखने के लिए सोमवार को मॉक ड्रिल आयोजित की। इसमें पुलिसकर्मियों ने भीड़ नियंत्रण, उपद्रवी तत्वों को काबू करने, कानून-व्यवस्था बनाए रखने और संवेदनशील परिस्थितियों में त्वरित प्रतिक्रिया देने का अभ्यास किया।
पुलिस आयुक्त ममता सिंह के मार्गदर्शन में आयोजित मॉक ड्रिल का पुलिस उपायुक्त पूर्वी जोन मेधा भूषण ने मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया। उन्होंने पुलिस बल की तैयारियों और विभिन्न टीमों के बीच समन्वय का जायजा लिया। इस दौरान एसीपी साइबर राजदीप मोर और एसीपी गोहाना संदीप धनखड़ मौजूद रहे।
मॉक ड्रिल में दंगा-रोधक दस्ते ने निर्धारित प्रक्रिया के तहत स्थिति नियंत्रित करने का प्रदर्शन किया। इस दौरान पुलिस बल की तैनाती, प्रतिक्रिया समय, सुरक्षा उपकरणों के उपयोग और टीमों के बीच तालमेल को परखा गया। सामने आई कमियों का आकलन कर उन्हें दूर करने के लिए अधिकारियों ने आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
मेधा भूषण ने जवानों को निर्देश दिए कि किसी भी आकस्मिक परिस्थिति में संयम, तत्परता और आपसी समन्वय के साथ काम करें। उन्होंने कहा कि मॉक ड्रिल का उद्देश्य पुलिसकर्मियों को वास्तविक परिस्थितियों के लिए मानसिक और व्यावहारिक रूप से तैयार करना है।