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Sonipat News: ऑटो म्यूटेशन पोर्टल की खामियों के विरोध में पटवारी-कानूनगो हड़ताल पर

Wed, 26 Aug 2026 08:12 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
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फोटो : सोनीपत लघु सचिवालय में हड़ताल के दौरान धरने पर बैठे पटरवारी व कानूनगो। स्रोत: एसोसिएशन
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संवाद न्यूज एजेंसी
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सोनीपत। ऑटो म्यूटेशन पोर्टल में आ रही तकनीकी खामियों और डिजिटल फसल सर्वेक्षण में समस्याओं के विरोध में द रेवेन्यू पटवारी और कानूनगो एसोसिएशन के बैनर तले पटवारियों और कानूनगो की हड़ताल जारी है। पटवारी 20 अगस्त से धरने पर बैठे हैं। बुधवार को धरनास्थल से लघु सचिवालय तक प्रदर्शन करते हुए कर्मचारियों ने राजस्व मंत्री के नाम तहसीलदार कीर्ति को ज्ञापन सौंपा।
हड़ताल का असर राजस्व कार्यों पर भी पड़ रहा है। सोनीपत तहसील में पहले प्रतिदिन करीब 150 रजिस्ट्रियां होती थीं, जो घटकर करीब 50 रह गई हैं। पटवारखाने बंद रहने से करीब 7020 इंतकाल और 2500 फाइलें लंबित बताई जा रही हैं। आंदोलन में 237 पटवारी और 15 कानूनगो शामिल हैं। एसोसिएशन के प्रदेश महासचिव सन्नी दहिया ने आरोप लगाया कि सरकार द्वारा धरनारत पटवारियों की लॉगिन आईडी बंद कर दी गई है। उन्होंने कहा कि इससे कर्मचारी इंतकाल से जुड़ी खामियों को भी नहीं देख पा रहे हैं और पोर्टल की समस्याएं जनता के सामने नहीं आ पा रही हैं।
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सामाजिक कार्यकर्ता देवेंद्र गौतम ने पटवारियों की हड़ताल का समर्थन करते हुए कहा कि ई-पोर्टल में नाम, रजिस्ट्री और इंतकाल संबंधी गंभीर तकनीकी खामियां हैं, जिससे जनता परेशान है और भूमि विवाद बढ़ने की आशंका बनी हुई है। उन्होंने सरकार से पटवारियों से वार्ता कर पोर्टल की कमियों को तत्काल दूर करने की मांग की। धरने को सर्व कर्मचारी संघ के प्रधान देशराज नैन, सीआईटीयू के पदाधिकारियों और रिटायर्ड कर्मचारी संघ ने भी समर्थन दिया। इस दौरान राज्य सलाहकार संदीप धनखड़, जिला प्रधान प्रमोद, सुधीर, विकास सहित बड़ी संख्या में पटवारी और कानूनगो मौजूद रहे।
इंसेट
ये हैं प्रमुख मांगें
-जमाबंदी और इंतकाल पोर्टल की सभी तकनीकी खामियां दूर कर तकनीकी गलतियों की जिम्मेदारी आईटी विभाग की तय की जाए।
-पोर्टल को कानूनी मान्यता देने के लिए संशोधित लैंड रिकॉर्ड मैनुअल जारी किया जाए।
-पोर्टल पूरी तरह तैयार होने तक इसे किसी एक गांव या तहसील में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में चलाकर खामियां दूर की जाएं।
-नवनियुक्त पटवारियों की कैबिनेट से मंजूर फाइल का नोटिफिकेशन जारी कर जनवरी 2025 से बकाया वेतन एरियर दिया जाए।
-रोवर मशीन से पैमाइश के लिए सभी कानूनगो को प्रशिक्षण और तकनीकी रूप से सक्षम ऑपरेटर उपलब्ध कराया जाए।
-लंबित एलटीसी व गिरदावरी सहायकों के मानदेय का एकमुश्त भुगतान किया जाए।
-कानूनगो की लंबित इंक्रीमेंट फाइल को मंजूरी दी जाए।
-तहसीलों में कंप्यूटर, प्रिंटर व स्कैनर तथा फील्ड कार्य के लिए पटवारियों को टैबलेट उपलब्ध कराए जाएं।
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