खरखौदा। क्षेत्र को किसी नए जिले में शामिल किए जाने की संभावनाओं के विरोध में रविवार को गांव खांडा स्थित दादा किशोर दास मंदिर में पंचायत हुई। पंचायत की अध्यक्षता खरखौदा संघर्ष कमेटी के अध्यक्ष मास्टर राजेंद्र दहिया ने की। ग्रामीणों ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि वे कखरखौदा व आसपास के गांवों को नए जिले में शामिल किए जाने का विरोध करेंगे।
ग्रामीणों ने कहा कि संघर्ष कमेटी करीब एक वर्ष से मांग उठा रही है कि सरकार स्पष्ट रूप से घोषणा करे कि खरखौदा और आसपास के गांवों को नए जिले में शामिल नहीं किया जाएगा। जब तक मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की स्पष्ट घोषणा नहीं करते तब तक संघर्ष जारी रहेगा।
बीसी वर्ग के जिला प्रधान बलबीर ने भी संघर्ष कमेटी को अपना समर्थन देते हुए कहा कि वे कमेटी के साथ खड़े हैं। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के लोगों की भावनाओं का सम्मान होना चाहिए और बिना जनता की सहमति के कोई भी फैसला नहीं लिया जाना चाहिए। इस अवसर पर विकेश दहिया, बिजेंद्र, राजकुमार, अधिवक्ता सुमित दहिया, नरेंद्र ठेकेदार, यशु, पृथी सिंह भी मौजूद रहे।