नागरिक अस्पताल में उपकरण के जरिये मरीज की आंखों की जांच करते नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. विकास चहल। सं?
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नागरिक अस्पताल के नेत्र रोग विभाग में उपकरणों का टोटा मरीजों की आंखों के दर्द को और बढ़ा रहा है। मरीजों को आंखों की जांच कराने के लिए लंबे समय तक इंतजार करना पड़ रहा है। अस्पताल में तीन नेत्र रोग विशेषज्ञ होने के बावजूद उपकरणों की कमी परेशानी खड़ी कर रही है। गर्मी व बारिश के मौसम में नेत्र रोगी बढ़ रहे है। अस्पताल में उपकरणों के अभाव के चलते कई मरीजों को तो खानपुर कलां स्थित महिला मेडिकल कॉलेज अस्पताल व रोहतक स्थित पीजीआई रेफर करना पड़ रहा है। अस्पताल प्रबंधन की ओर से बार-बार डिमांड भेजने के बाद मुख्यालय ने नए उपकरणों की खरीद करने की मंजूरी नहीं दी है।
जिला नागरिक अस्पताल में नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. सुशील मानिकटालिया, डॉ. विकास चहल व डॉ. लतिका खत्री ओपीडी लगाते हैं। यहां पर रोजाना 200 से ज्यादा मरीज आंखों की जांच कराने के लिए पहुंच रहे हैं। लेकिन अस्पताल में नेत्र जांच के लिए उपकरणों की कमी होने के कारण मरीजों को परेशानी होती है। साथ ही नेत्र रोग विशेषज्ञ के पास नेत्र जांच के लिए एक ही उपकरण होने के कारण नेत्र रोगियों की लाइन लग जाती है। कई बार नंबर नहीं आने के कारण मरीजों को वापस लौटना पड़ता है। जिससे उनका दर्द बढ़ जाता है। ऐसे में उन्हें निजी अस्पताल में पैसे खर्च कर उपचार लेने को मजबूर होना पड़ रहा है। नागरिक अस्पताल में बेहतर चिकित्सकों की सुविधा होते हुए भी वह इसका फायदा नहीं ले पा रहे हैं।
अस्पताल में ज्यादातर उपकरणों की कमी
आंखों के पर्दे की जांच के लिए एक ही उपकरण है। डाक्टरों को उपकरण एक-दूसरे से मांगकर काम चलाना पड़ रहा है। काफी समय पहले कलर बुक फटकर खराब हो चुकी है। मरीज को मोबाइल में कलर बुक दिखाकर नेत्र जांच करनी पड़ती है। चश्मे का नंबर देखने के लिए तीन डाक्टरों की ओपीडी में एक ही फ्रेम है। आई चार्ट एक ही होने के कारण मरीजों को अपनी जांच कराने के लिए काफी समय तक इंतजार करना पड़ रहा है। दवा डालकर पुतली की जांच करने वाला उपकरण भी एक होने के कारण मरीजों की परेशानी लगातार बढ़ रही है। डॉक्टरों ने तीन-तीन उपकरणों की डिमांड मुख्यालय स्तर पर कई बार भेजी जा चुकी हैं, लेकिन समस्या का अभी तक समाधान नहीं हो पाया है।
नेत्र रोग विभाग में उपकरणों की उपलब्धता का पता लगाया जाएगा। अगर कमी है तो मामले को उप चिकित्सा अधीक्षक व सिविल सर्जन के संज्ञान में लाकर उपकरणों की कमी को पूरा करा दिया जाएगा।
डॉ. राजेश सिंघल, रेजिडेंट चिकित्सा अधिकारी नागरिक अस्पताल