पहले दाम
पेट्रोल-72.65 रुपये प्रति लीटर
डीजल-55.84 रुपये प्रति लीटर
अब दाम
पेट्रोल-74.74 रुपये प्रति लीटर
डीजल-56.39 रुपये प्रति लीटर
=============
पेट्रोल और डीजल के दामों में हुई बढ़ोतरी से जिले में हर रोज उपभोक्ताओं पर करीब 4 लाख 87 हजार रुपये का बोझ पड़ने वाला है। केंद्र सरकार ने भले ही पेट्रोल के दाम 1.69 रुपये बढ़ाए हों, लेकिन सोनीपत में टैक्स जोड़कर यह बढ़ोतरी करीब 2.09 रुपये आंकी जा रही है। डीजल के दाम यहां टैक्स लगने के बाद 55 पैसे प्रति लीटर बढ़ेंगे। टीवी पर पेट्रोल और डीजल के दामों में बढ़ोतरी की खबर मिलने के साथ ही यहां शाम को पेट्रोल पंपों पर वाहन चालकों की भीड़ लग गई। सभी इस जुगत में थे कि कम से कम अब तो दामों को बढ़ोतरी को ठेंगा दिखा लें।
सोनीपत जिले में विभिन्न ऑयल कंपनियों के 82 फिलिंग स्टेशन हैं। हर रोज जिले में पेट्रोल की खपत जहां 72 हजार लीटर के करीब है, वहीं डीजल की खपत 6 लाख 13 हजार लीटर की है। डीजल और पेट्रोल के दामों में हुई बढ़ोतरी का असर यहां हर वर्ग पर पड़ने वाला है। किसान जहां धान की फसल को पकाने के लिये डीजल से ट्यूबवेल चला रहे हैं, वहीं बिजली संकट झेल रहे उद्योगों में भी अधिकांश काम जनरेटर से हो रहे हैं। दूसरी ओर डीजल से चलने वाले वाहनों की संख्या भी कम नहीं है।
==================
इतने बढ़े भाव
सोनीपत में वर्तमान में डीजल का भाव जहां प्रति लीटर 55.84 रुपये हैं, वहीं पेट्रोल आज तक 72.65 रुपये प्रति लीटर की दर से बिक रहा था। अब केंद्र ने डीजल में 50 पैसे प्रति लीटर और पेट्रोल में 1.69 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी की है। राज्य सरकार का टैक्स इससे अलग है। पेट्रोल पंप मालिक बताते हैं कि सोनीपत में डीजल के भाव में 8.8 प्रतिशत टैक्स जुड़ेगा, जबकि पेट्रोल में 20 प्रतिशत टैक्स लगेगा। पैट्रोल पंप संचालक सुशील जैन बताते हैं कि सोनीपत में पेट्रोल के दाम 2.09 रुपये की बढ़ोतरी के साथ यह 74.74 रुपये प्रति लीटर हो जाएगा। इसी प्रकार डीजल के दाम 55 पैसे बढ़कर 56.39 रुपये हो जाएगा।
-------------------
ऐसे लगेगी करोड़ों का बोझ
पेट्रोल और डीजल के हर दिन की खपत और बढ़े भाव का आंकलन करें तो सोनीपत में अब तेल उपभोक्ताओं पर 4 लाख 87 हजार के करीब का बोझ पड़ने वाला है। पेट्रोल जहां हर रोज 72 हजार लीटर खप रहा, इसे बढ़े हुए रेट 2.09 पैसे से गुणा करें तो अकेले पेट्रोल ही उपभोक्ताओं पर 1 लाख 50 हजार रुपये का अतिरिक्त बोझ डालेगा। इसी प्रकार डीजल की खपत यहां 6.13 लाख लीटर है, ऐसे में इसे 55 पैसे प्रति लीटर से गुणा करें तो 3 लाख 37 हजार रुपये का अतिरिक्त बोझ जिले में लोगों पर पड़ने वाला है। आंकड़े पेट्रोल पंप संचालकों की ओर से बताए गए हैं।
---------------------
क्या कहते हैं उपभोक्ता
हम लोग पहले ही महंगाई से जूझ रहे थे। पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ने से महंगाई बढ़ेगी। इनका असर हर चीज पर पड़ता है।
=========
सरकार को देखना चाहिए कि आम आदमी कितनी समस्याओं से जूझ रहा है, उस पर पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ा देना बिल्कुल अनुचित है।
===========
सबसे अधिक मार तो आम आदमी पर पड़ी है। अमीरों को कोई खास फर्क पड़ता नहीं। गरीब आदमी को जरूर रोजी-रोटी के लाले पड़ जाएंगे।
========
पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ाना निंदनीय है। सरकार को इनकी कीमतें बढ़ाने की बजाये कम करनी चाहिए, ताकि लोग राहत महसूस करें।
=============
अचानक से रेल किराया बढ़ाया, फिर पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ा दिये। इससे पता चलता है कि आने वाले दिनों में गरीब ही खत्म हो जाएंगे।
=================
जिले में 82 फीलिंग स्टेशन हैं। उनके पास डीजल और पेट्रोल खपत के सटीक आंकड़े तो नहीं हैं, पर अनुमान है कि जिले में रोजाना 70 से 75 हजार लीटर तक पेट्रोल और 6 लाख लीटर से अधिक डीजल की खपत है।
-पीके शर्मा, डीएफएससी, सोनीपत