युवती से एकतरफा प्यार के चलते नवविवाहिता के पति को मौत के घाट उतार देने के मामले में सेशन कोर्ट ने बुधवार को एक युवक को उम्रकैद की सजा सुनाई है। कोर्ट ने आरोपी पर 77 हजार रुपये का जुर्माना भी ठोंका। जुर्माना अदा न करने पर एक वर्ष अतिरिक्त कैद की सजा भुगतनी होगी।
गढ़ी झिंझारा, गांधी नगर निवासी मंगल सेन ने 26 जून, 2012 को शिकायत दी थी कि उसके बेटे राधेश्याम (23) की 25 जून को शादी थी। उसकी बारात गांव फाजिलपुर निवासी राजन के घर आई थी। राधेश्याम की राजन की बेटी कशिश के साथ शादी हुई थी। रात करीब साढ़े आठ बजे राधेश्याम दुल्हन के साथ अपनी बारात लेकर वापस घर चला गया था। इसी दौरान साढ़े दस बजे गांव मकड़ौली, रोहतक निवासी सोनू उर्फ कुलदीप अपने साथियों के साथ उनके घर के बाहर आ धमका और हंगामा करना शुरू कर दिया।
इसी बीच जब राधेश्याम घर से बाहर निकला तो सोनू ने राधेश्याम पर गोली चला दी। गोली राधेश्याम के सीने में लगी और उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी। घटना को अंजाम देकर हमलावर मौके से फरार हो गए थे। मंगल सिंह की शिकायत पर हत्या का मामला दर्ज किया गया था।
जांच में पता चला कि सोनू नवविवाहिता कशिश के बहनोई राजेश का भांजा है और वह कशिश से एक तरफा प्रेम करता था। परिजनों ने बताया था कि सोनू ने पहले ही कह रखा था कि जो भी कशिश से शादी करने आएगा वह उसको गोली मार देगा। इसी धमकी के चलते कशिश और राधेश्याम के फेरे भी पुलिस की सुरक्षा में हुए थे। पुलिस ने बाद में आरोपी सोनू को गिरफ्तार कर लिया था। बुधवार को मामले की सुनवाई करते हुए जिला एवं सत्र न्यायाधीश इंद्रजीत मेहता की अदालत ने सोनू को दोषी करार दिया है।