सोनीपत। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रमिंद्र कौर की अदालत ने लड़की से छेड़खानी करने व उलाहना देने पर उसकी मां व मामा पर हमला करने के मामले में सुनवाई के बाद आरोपी को दोषी करार दिया है। अदालत ने दोषी को पांच साल कैद व 11 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न देने पर दस माह अतिरिक्त कैद की सजा भुगतनी होगी।
गोहाना की रहने वाली महिला ने अगस्त, 2017 में पुलिस को शिकायत दी थी कि उसकी बेटी सुबह नौ बजे गली में गाय को रोटी देने गई थी। उनकी गली में रहने वाले मंजीत नाम के युवक ने उसकी 13 साल की बेटी के साथ छेड़खानी कर दी। उस समय उनके पास रह रहा उसका भाई छत पर खड़ा था। उसने आरोपी को देख लिया था। बाद में उसकी बेटी ने भी घर आकर छेड़खानी के बारे में बताया था। महिला ने बताया था कि जब वह तथा उसका भाई आरोपी के घर उलाहना देने गए थे तो गली में ही मंजीत व अन्य परिजनों ने उन पर हमला कर दिया था। जिसमें वह तथा उसका भाई घायल हो गए थे। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था। पुलिस ने महिला के बयान पर धारा 323 व 8 पॉक्सो एक्ट में मुकदमा दर्ज किया था। बाद में उसके भाई का जबड़ा फ्रैक्चर मिला था। इसके चलते मामले में धारा 325 भी जोड़ी गई थी।
मामले की सुनवाई करते हुए एएसजे प्रमिंद्र कौर की अदालत ने मंजीत को दोषी करार दिया है। उसे 8 पॉक्सो एक्ट में पांच साल कैद व 5000 रुपये जुर्माना, 323 में एक साल कैद व 1000 रुपये जुर्माना, 325 में तीन साल कैद व 5000 रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। सभी सजा एक साथ चलेगी। जुर्माना न देने पर दस माह अतिरिक्त कैद की सजा भुगतनी होगी।