गोहाना। गांव खानपुर कलां स्थित बीपीएस महिला विश्वविद्यालय में एक व्यक्ति ने अनुभव का फर्जी सर्टिफिकेट लगाकर नौकरी हासिल की थी। बाद में मामले का पता लगने पर उसने एक माह बाद ही नौकरी छोड़ दी। मामले का पता लगने पर इसकी जांच सीएम फ्लाइंग से कराई गई थी, जिसमें गड़बड़ी उजागर होने के बाद महिला थाना खानपुर कलां में धोखाधड़ी का मामला दर्ज कराया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
बीपीएस महिला विश्वविद्यालय में वर्ष 2012 में सेक्शन ऑफिसर के पद के लिए आवेदन मांगे गए थे। इस पद के लिए उस समय 29 व्यक्तियों ने आवेदन किया था, जिनमें पानीपत का रहने वाला अशोक भी था। आवेदनकर्ताओं को पांच वर्ष का अनुभव प्रमाणपत्र भी देना था। आरोप है कि अशोक ने अनुभव का जो सर्टिफिकेट दिया था वह फर्जी तरीके से तैयार करवाया गया था। अशोक का चयन भी हो गया था और उसे सेक्शन अधिकारी पद पर नियुक्ति मिल गई थी। अशोक कुमार का चयन 15 मार्च, 2013 को किया गया था। अशोक कुमार के अनुभव सर्टिफिकेट के फर्जी होने का पता 15 अप्रैल, 2013 को चला। इसके बाद सीएम को किसी ने गुमनाम शिकायत भेजी थी। जिसके बाद अशोक कुमार ने अपने पद से इस्तीफा देकर एक माह के वेतन को वापस जमा करा दिया था, लेकिन मामले की जांच सीएम फ्लाइंग स्क्वायड, रोहतक की टीम को सौंपी गई थी। एसआई कृष्ण कुमार इसकी जांच कर रहे थे। टीम ने नियुक्ति के लिए गठित कमेटी के अधिकारियों और आरोपी से पूछताछ की। आरोपी द्वारा लगाए गए सर्टिफिकेट की भी जांच की गई। एजेंसी के अधिकारियों द्वारा जिला पुलिस के अधिकारियों को रिपोर्ट सौंप दी। इस पर अशोक के खिलाफ महिला थाना खानपुर में मामला दर्ज किया गया है।
आरोपी को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा
अशोक कुमार ने अनुभव का सर्टिफिकेट फर्जी मिला था। उसने उसे कहां से तैयार करवाया इस संबंध में जांच की जा रही है। जल्द आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
बलजीत सिंह, जांच अधिकारी, महिला थाना खानपुर कलां