खरखौदा। उत्तरकाशी में हुए हिमस्खलन के बाद से गांव मटिंडू निवासी पर्वतारोही नीतीश से भी परिजनों का संपर्क नहीं हुआ है। नीतीश एडवांस कोर्स के लिए 23 सितंबर को उत्तराखंड स्थित द्रोपदी के डांडा में अपने सहयोगी प्रशिक्षु पर्वतारोही, प्रशिक्षकों व नर्सिंग स्टाफ के साथ गए थे। जहां पर बर्फीले तूफान में वह भी अपने अन्य साथियों के साथ लापता हो गए। जब नीतीश के परिवार के सदस्यों को उनके बारे में कोई संतोषजनक सूचना नहीं मिली तो परिवार के सदस्य उत्तराखंड के लिए रवाना हो गए हैं।
मटिंडू निवासी नीतीश दहिया ने इसी वर्ष अफ्रीका महाद्वीप की सबसे ऊंची चोटी माउंट किलिमंजारो को सबसे कम उम्र में व पहले भारतीय के रूप में फतेह करने का खिताब अपने नाम किया था। उसके साथ ही दुनिया की सबसे ऊंची चोटी माउंट एवरेस्ट को भी फतेह करते हुए वहां पर तिरंगा फहराया हुआ है। इसी उपलब्धि के चलते नीतीश दहिया का 19 अगस्त को गांव में सम्मान किया गया था। इस समारोह में उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने शिरकत करते हुए नीतीश को नौकरी देने की बात कही थी। नीतीश दो बहनों का अकेला भाई है। परिवार को नीतीश की चिंता सता रही है। सभी चाहते हैं कि उसको लेकर कोई अच्छी सूचना जल्द मिले। परिवार के सदस्य भी उत्तराखंड गए हैं, ताकि स्थिति को लेकर और बेहतर तरीके से उन्हें जानकारी मिल सके।